मोदी ने ऑर्बिट में भारत के पहले इमेजिंग सैटेलाइट की सफल स्थापना की सराहना की

नई दिल्ली:- इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन ने शुक्रवार सुबह एक जी.एस.एल.वी. रॉकेट के जरिए 2,300 किलोग्राम से अधिक के पेलोड को सही ऑर्बिट में सफलतापूर्वक पहुंचाकर एक बार फिर इतिहास रच दिया है।
मोदी ने एक पोस्ट में कहा, ‘‘इसरो की ओर से एक और शानदार उपलब्धि और हमारे देश के लिए गर्व का पल। जी.एस.एल.वी.-एफ.17 की सफल लॉन्चिंग, जो जियोसिंक्रोनस ऑर्बिट से भारत का पहला इमेजिंग सैटेलाइट ई.ओ.एस.-05 लेकर गया है, उत्कृष्टता, नवाचार और बढ़ती क्षमताओं का प्रतिबिंब है, जो भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र को परिभाषित करती हैं।’’
प्रधानमंत्री ने कहा कि इसरो और भारतीय उद्योग के बीच बढ़ती साझेदारी देश के अंतरिक्ष कार्यक्रम में नई ताकत और पैमाना जोड़ रही है तथा पूरे अंतरिक्ष इकोसिस्टम में भारत की क्षमताओं का विस्तार कर रही है।
इस लॉन्च ने वर्ष 2026 के लिए अंतरिक्ष एजेंसी की पहली सफलता को दर्शाया। ई.ओ.एस.-05 सैटेलाइट को श्रीहरिकोटा अंतरिक्ष केंद्र से उड़ान भरने के लगभग 18 मिनट बाद इच्छित सब-जियोसिंक्रोनस ट्रांसफर ऑर्बिट में सफलतापूर्वक स्थापित कर दिया गया था।