तहसील कांप्लेक्स नवांशहर में रोस लोहड़ी 12 को - बलदेव भारती

नवांशहर - राष्ट्रीय मजदूर संगठन (एनएलओ) के संयोजक बलदेव भारती स्टेट अवार्डी ने कहा कि उनका संगठन 12 जनवरी को तहसील परिसर नवांशहर में रोज लोहड़ी मनाएगा। उन्होंने कहा कि तहसीलदार नवांशहर के कार्यालय में मृत निर्माण श्रमिकों के अनुग्रह अनुदान से संबंधित 17 ऑफ़लाइन आवेदनों की जांच 33 महीनों से लंबित है। जिसके चलते उन्हें संघर्ष का रास्ता अपनाने पर मजबूर होना पड़ रहा है।
               उन्होंने विस्तृत जानकारी दी कि निर्माण श्रमिकों के कल्याण योजनाओं के लिए आवेदनों की मंजूरी के लिए 18-03-2021 को उपमंडल मजिस्ट्रेट-कम-अध्यक्ष निर्माण श्रमिक कल्याण योजनाएं स्क्रीनिंग कमेटी सब डिवीजन नवांशहर की अध्यक्षता में एक स्क्रीनिंग कमेटी बैठक आयोजित की गई. जिसमें मृत पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के अनुग्रह अनुदान से संबंधित कुल 17 ऑफलाइन आवेदनों की जांच तहसीलदार नवांशहर से करने को कहा गया। तथा यह भी कहा गया कि आगामी बैठक दिनांक 08-04-2021 में इन आवेदनों को स्वीकृत कर जांचोपरान्त लाभार्थियों की विधवाओं/उत्तराधिकारियों को आर्थिक सहायता स्वीकृत की जायेगी। उन्होंने बताया कि कोविड-19 के कारण यह बैठक दिनांक 08-04-2021 को नहीं हो सकी। फिर 12/11/2021 को हुई स्क्रीनिंग कमेटी की अगली बैठक के दौरान वज़ीफ़ा योजना, शगन योजना और पेंशन योजना के कुछ आवेदनों को मंजूरी दे दी गई। लेकिन अनुग्रह अनुदान के 17 ऑफ लाइन आवेदनों के संबंध में कोई निर्णय नहीं लिया जा सका क्योंकि इन आवेदनों की जांच तहसीलदार नवांशहर कार्यालय द्वारा पूरी नहीं की गई थी।
           उन्होंने बताया कि कार्यालय उपमंडल मजिस्ट्रेट नवांशहर द्वारा 27-06-2022 को सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत दी गई जानकारी के अनुसार कार्यालय तहसीलदार नवांशहर द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके बाद 13-01-2023 और 29-08-2023 को कार्यालय तहसीलदार नवांशहर से दो बार फिर से इस फाइल के संबंध में सूचना का अधिकार अधिनियम के तहत जानकारी मांगी गई। लेकिन कई महीने बीत जाने के बाद भी इस आवेदन के संबंध में कार्यालय तहसीलदार नवांशहर की ओर से कोई जानकारी नहीं दी गई है। इस फाइल के संबंध में दिनांक 08/06/2023 को उपायुक्त एस.बी.एस.नगर से भी विवरण सहित लिखित रूप से अनुरोध किया गया था। लेकिन फिर भी इस संबंध में कोई कार्रवाई नहीं की गयी. उन्होंने कहा कि यह फाइल पिछले 33 माह से तहसीलदार नवांशहर कार्यालय में लटकी हुई है। जबकि मृत लाभार्थियों की विधवाएं और वारिस सरकारी खजाने से मिलने वाली आर्थिक सहायता का इंतजार कर रहे हैं। इस दौरान कई तहसीलदार आए और गए लेकिन 33 माह से धूल फांक रही गरीब विधवाओं/उत्तराधिकारियों की आर्थिक सहायता की इस फाइल पर किसी का ध्यान नहीं गया है। इन आवेदनों की जांच में भारी देरी बेहद आपत्तिजनक है और गरीब जरूरतमंद आवेदकों के साथ बहुत बड़ा अन्याय है।
                  उन्होंने कहा कि गरीब एवं जरूरतमंद श्रमिकों के साथ हो रहे इस घोर अन्याय पर कड़ा संज्ञान लेते हुए राष्ट्रीय मजदूर संगठन (एनएलओ) सामाजिक एवं संवैधानिक संघर्ष करने को बाध्य है। उन्होंने तहसीलदार को लिखे पत्र में कहा है कि यदि 10 जनवरी 2024 तक इस फाइल के संबंध में जांच शुरू नहीं की गयी और इसकी रिपोर्ट अनुमंडल दंडाधिकारी कार्यालय एवं श्रम एवं सुलह पदाधिकारी कार्यालय में नहीं सौंपी गयी. सर्कल नंबर-3 जालंधर, फिर संगठन कार्यालय तहसीलदार नवांशहर 12 जनवरी को विरोध स्वरूप लोहड़ी का त्योहार अपने तरीके से मनाएगा। इस पत्र की एक प्रति डिप्टी कमिश्नर श्री बीएस नागर और सब डिविजनल मजिस्ट्रेट नवांशहर को भी भेजी गई है।