राजनाथ सिंह ने सुखोई जेट अपग्रेड पर रूसी समकक्ष से की बातचीत
नई दिल्ली, 27 जून- रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने चीन के क़िंगदाओ शहर में अपने रूसी समकक्ष आंद्रेई बेलौसोव से विशेष बातचीत की। बातचीत के दौरान भारत के सुखोई-30एमकेआई लड़ाकू बेड़े का उन्नयन, हवा से हवा में मार करने वाली मिसाइलों का उत्पादन और एस-400 मिसाइल प्रणालियों के दो बैचों की फास्ट-ट्रैक डिलीवरी मुख्य मुद्दे रहे।
दोनों रक्षा मंत्रियों ने गुरुवार को शंघाई सहयोग संगठन के एक सम्मेलन के इतर द्विपक्षीय बैठक की। भारतीय वायु सेना लगभग 260 सुखोई-30एमकेआई जेट का संचालन करती है और एक योजना के तहत बेड़े को उन्नत करने का प्रयास कर रही है। रूस निर्मित सुखोई जेट ने पिछले महीने ऑपरेशन सिंधुर में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
रक्षा मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि सिंह और बेलौसोव ने मौजूदा भू-राजनीतिक स्थिति, सीमा पार आतंकवाद और भारत-रूस रक्षा सहयोग सहित कई विषयों पर गहन चर्चा की। रूसी रक्षा मंत्री ने भारत-रूस के बीच लंबे समय से चले आ रहे संबंधों पर जोर दिया और पहलगाम में हुए जघन्य और कायराना आतंकी हमले पर भारत के साथ एकजुटता व्यक्त की। रूस ने पहले ही 5.5 बिलियन डॉलर के सौदे के तहत भारत को लंबी दूरी की मिसाइल प्रणालियों की तीन इकाइयाँ प्रदान की हैं।
इन मिसाइल प्रणालियों का इस्तेमाल भारतीय वायु सेना ने 7-10 मई को पाकिस्तान के साथ सैन्य संघर्ष के दौरान बड़े पैमाने पर किया था। सिंह ने एससीओ बैठक के दौरान बेलारूस, ताजिकिस्तान और कजाकिस्तान के अपने समकक्षों के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी कीं।
