महिलाएं ठान लें तो कोई लक्ष्य असंभव नहीं डॉ चौहान
नीलोखेड़ी /करनाल, 17 मार्च- आज की नारी केवल घर में चूल्हे चौके तक सीमित नहीं हैं। वह बल्कि वह जीवन के हर मोर्चे पर बखूबी काम करते हुए समाज और देश के विकास की मजबूत आधारशिला बन चुकी है। यह बात हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान के निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने की। वे आज रविदास मंदिर नीलोखेड़ी में हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत नारी शक्ति महिला क्लस्टर फेडरेशन समिति की वार्षिक आम सभा में मुख्य अतिथि के रूप में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने दीप प्रज्वलित कर किया गया।
डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि पंद्रह हजार महिलाओं की यह खंड फेडरेशन कुछ ऐसा करके दिखाये जिस से संगठन और नीलोखेड़ी को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिले और एक दिन मन की बात कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इनका जिक्र करें। उन्होंने कहा कि महिलाएं आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ें, नए अवसरों को अपनाएं और अपने समूह के माध्यम से ऐसी मिसाल कायम करें, जिससे आने वाली पीढ़ियां भी प्रेरणा लें। जब महिलाएं संगठित होकर संकल्प के साथ कार्य करती हैं, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं रहता।
डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि आज का समय महिलाओं के सशक्तिकरण का युग है, जिसमें स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं न केवल आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन रही हैं, बल्कि सामाजिक बदलाव की अग्रदूत भी बन रही हैं। उन्होंने कहा कि जब महिलाएं संगठित होकर एक लक्ष्य के साथ कार्य करती हैं, तो वे अपने परिवार ही नहीं बल्कि पूरे गांव और समाज की तस्वीर बदल सकती हैं।
उन्होंने महिलाओं से आह्वान किया कि वे अपने अंदर छुपी क्षमताओं को पहचानें, आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ें और अपने कार्यों में गुणवत्ता व ईमानदारी को प्राथमिकता दें। डॉ. चौहान ने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास ही बड़े बदलाव की नींव रखते हैं, इसलिए हर महिला अपने स्तर पर निरंतर प्रयास करती रहे।
उन्होंने महिलाओं को डिजिटल साक्षरता, स्वरोजगार और सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया तथा कहा कि यह क्लस्टर फेडरेशन महिलाओं के लिए एक सशक्त मंच है, जहां से वे नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकती हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि नारी शक्ति की यह एकजुटता निश्चित रूप से समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाएगी और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
उन्होंने आगामी हिंदू नव वर्ष के संदर्भ में कहा कि इस शुभ अवसर पर सभी अपने घरों में कुछ मीठा बनाएं और परिवार के साथ मिलकर इस दिन को उत्साहपूर्वक मनाएं, ताकि सकारात्मक ऊर्जा और खुशहाली का वातावरण बने।
डॉ. चौहान ने कहा कि महिला क्लस्टर फेडरेशन का यह मंच महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि संगठित होकर कार्य करने से महिलाएं आर्थिक रूप से सशक्त बनेंगी और गांवों के विकास में अपनी अहम भूमिका निभाएंगी।
कार्यक्रम में जल जीवन मिशन से नेहा (जिला सलाहकार), कुलभूषण (एफएलसी घरौंडा) एवं करनाल, हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन से रेनू (खंड कार्यक्रम प्रबंधक), सतीश कुमार तथा अनु (डीईओ) उपस्थित रहे।
