डेरा सचखंड ज्ञानपुरी विछोही में संतों की याद में नतमस्तक हुईं संगतें

होशियारपुर: महान तपस्वी ब्रह्मलीन संत ज्ञान दास की 118वीं बरसी, संत चरण दास और संत सतनाम दास की याद में वार्षिक समागम डेरा सचखंड ज्ञानपुरी विछोही में गद्दी नशीन संत मंजीत दास (सदस्य, गुरु रविदास साधु संप्रदाय सोसायटी, रजि. पंजाब) के नेतृत्व में मनाया गया। 
इस कार्यक्रम में देश-विदेश से आई संगतों ने पूरी श्रद्धा के साथ भाग लिया। श्री अखंड पाठ साहिब के भोग के उपरांत कीर्तन के दीवान सजाए गए, जिसमें विभिन्न कीर्तनी जत्थों, रागी, ढाड़ी, कवियत्री जत्थों और अलग-अलग डेरों के संतों-महापुरुषों ने गुरु रविदास महाराज जी के जीवन और बाणी के माध्यम से संगतों को निहाल किया।
इस अवसर पर संत इंद्र दास (महासचिव, गुरु रविदास साधु संप्रदाय सोसायटी), संत सरवन दास लुधियाना, संत धर्मपाल शेरगढ़, संत संतोख दास गणेशपुर भारता, संत महावीर सिंह ताजेवाल सहित बड़ी संख्या में संत-महापुरुष उपस्थित थे। समागम में हलका विधायक डॉ. इशांक कुमार, शिरोमणि अकाली दल के हलका इंचार्ज हरमिंदर सिंह संधू, पूर्व सरपंच रशपाल कौर और अन्य गणमान्य व्यक्ति भी शामिल हुए।
 मंच संचालन की सेवा प्रिंसिपल जसवंत सिंह ने बखूबी निभाई। संत मंजीत दास ने आए हुए संतों-महापुरुषों, सामाजिक और राजनीतिक हस्तियों को विशेष रूप से सम्मानित किया और सभी का आभार व्यक्त किया।