डिप्टी कमिश्नर ने अदालतों में चल रहे एन.डी.पी.एस. एक्ट के मामलों की समीक्षा की

एनडीपीएस केसों में गवाहों की हाजिरी में पटियाला जिला अग्रणी रहा
पटियाला, 2 नवंबर - डिप्टी कमिश्नर साक्षी साहनी ने जिले की विभिन्न अदालतों में एन.डी.पी.एस. अधिनियम की धाराओं के तहत लंबित मामलों की समीक्षा की और अदालतों में गवाहों की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए पुलिस विभाग द्वारा किये जा रहे सीधे संवाद की सराहना की, उन्होंने कहा कि इससे लंबित मामलों का त्वरित निस्तारण होगा। इस मौके पर अतिरिक्त उपायुक्त अनुप्रीता जोहल भी मौजूद रहीं।
उन्होंने कहा कि एन.डी.पी.एस अधिनियम के प्रावधानों के तहत न्यायालयों में लम्बित प्रकरणों, जिनमें अभियुक्त जेल में हैं, का शीघ्र निस्तारण किया जाये तथा जो सरकारी गवाह समन तामील होने के बाद भी बिना किसी वैध कारण के गवाही देने नहीं आते हैं, उनकी उपस्थिति सुनिश्चित करायी जाये। ताकि मामलों का फैसला जल्दी हो सके।
बैठक के दौरान डी.एस.पी सुखामृत सिंह रंधावा ने कहा कि एन.डी.पी.एस. अधिनियम के तहत लंबित मामलों में गवाहों को अदालत द्वारा तलब किया जाता है, लेकिन अदालत में गवाह की उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए पुलिस विभाग भी अपने स्तर पर सीधे गवाह से संपर्क करता है।
इस मौके पर जिला अटॉर्नी अनमोलजीत सिंह ने कहा कि जनवरी 2023 से अक्टूबर 2023 तक जिला पटियाला की विभिन्न अदालतों में एन.डी.पी.एस. इस अधिनियम के तहत कुल 3240 मामलों की सुनवाई हुई जिसमें 4997 गवाहों ने अदालत में उपस्थित होकर गवाही दी। उन्होंने मासिक ब्योरा देते हुए बताया कि जनवरी 2023 में 668 मामलों में 983 गवाह पेश हुए, जबकि फरवरी में 472 मामलों में 640 गवाह, मार्च में 421 एनडीपीएस गवाह पेश हुए। अप्रैल में 614 मामलों में गवाह, 284 मामलों में 452 गवाह, मई में 229 मामलों में 451 गवाह, जून में 49 मामलों में 80 गवाह, जुलाई में 241 मामलों में 440 गवाह, अगस्त में 312 मामलों में 443 गवाह, सितंबर में 281 मामलों में 457 गवाह और 283 मामलों में 437 गवाह पेश हुए। अक्टूबर की जो कुल गवाही का 90.10 प्रतिशत है। बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारी भी मौजूद थे.