जिले में सड़कों और चौराहों पर जाम लगाने पर पूर्ण प्रतिबंध

नवांशहर:- जिला मजिस्ट्रेट गुलप्रीत सिंह औलख ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा 163 के तहत प्राप्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए जिले की सीमा के भीतर किसी भी यूनियन या संगठन द्वारा सड़कों/चौराहों पर ट्रैफिक जाम लगाने पर पूर्ण प्रतिबंध के आदेश जारी किए हैं।
जारी आदेशों के अनुसार, विभिन्न संगठनों द्वारा अपनी मांगों को लेकर मुख्य मार्गों पर किए जाने वाले रोष प्रदर्शनों और धरना-प्रदर्शनों के कारण चंडीगढ़-जालंधर-अमृतसर जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। आपातकालीन स्थिति में मरीजों को ले जाने वाली एम्बुलेंसों को रास्ता न मिलने और मरीजों व उनके परिजनों को होने वाली समस्या के मद्देनजर यह प्रतिबंध लगाया गया है।
जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि जिले की तीनों सब-डिवीजनों में धरना-प्रदर्शन के लिए स्थान निर्धारित किए गए हैं। कोई भी संगठन स्थानीय प्रशासन की पूर्व अनुमति के बिना इन स्थानों पर भी प्रदर्शन नहीं कर पाएगा। निर्धारित स्थान इस प्रकार हैं:
सब-डिवीजन नवांशहर: दशहरा ग्राउंड, नवांशहर और नगर कौंसिल के अधिकार क्षेत्र में आने वाला पिंग गुर्जरपुर कलां का लगभग 40 कनाल रकबा (रेलवे फाटक के पास, बंगा रोड)।
सब-डिवीजन बंगा: ग्राम पंचायत गांव पूनिया का पंचायती रकबा।
सब-डिवीजन बलाचौर: म्युनिसिपल खेल मैदान (सिविल अस्पताल के पास), जगतपुर रोड, स्याणा।
निर्धारित स्थानों पर अनुमति लेने के बाद लाउडस्पीकर के इस्तेमाल की अनुमति भी संबंधित एसडीएम से लेनी अनिवार्य होगी। आदेशों के मुताबिक नवांशहर के चंडीगढ़ चौक, बस स्टैंड चौक और नेहरू गेट पर किसी भी प्रकार के धरने या यातायात में बाधा डालने पर मनाही है। साथ ही तहसील परिसरों, एसडीएम परिसरों और डी.ए.सी. (DAC) परिसर में भी किसी भी तरह की गतिविधि, धरना या लाउडस्पीकर बजाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है।
जिला मजिस्ट्रेट के अनुसार, निर्धारित स्थानों के अलावा किसी अन्य स्थान या सड़क पर धरना/प्रदर्शन करने पर प्रतिबंध होगा और उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ये आदेश 4 सितंबर 2026 तक लागू रहेंगे।