पंजाब की खेती और सूबे के व्यापार को तबाह करना चाहती है भाजपा सरकार : आम आदमी पार्टी
चंडीगढ़, 26 फरवरी- आम आदमी पार्टी (आप) ने कहा है कि हरियाणा-पंजाब बॉर्डर हाईवे के बंद होने के कारण भाजपा सरकार सिर्फ पंजाब के किसानों को तबाह करना नहीं चाहती, बल्कि यहां के कारोबार को भी बर्बाद करने की कोशिश कर रही है।
पंजाब के उद्योग और व्यापार को हो रहे नुकसान का मुद्दा उठाते हुए, पार्टी ने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार द्वारा यह स्थिति पैदा की गई है। चंडीगढ़ स्थित पार्टी कार्यालय में पार्टी के बुलेरे नील गर्ग और आप नेता प्रणब धवन ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा कि बॉर्डर बंद होने के कारण पंजाब के व्यापारियों और कारोबारी को भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है।
उन्होंने कहा कि यह स्थिति इस लिए पैदा हुई है क्योंकि पंजाब के किसान पिछले एक साल से लगातार सीमा पर बैठे हैं, लेकिन केंद्र की भाजपा सरकार उनकी बिल्कुल भी सुनवाई नहीं कर रही। भाजपा चाहती है कि पंजाबी ही पंजाबी के खिलाफ खड़े हो जाएं ताकि आंदोलन कमजोर होकर खुद-ब-खुद खत्म हो जाए।
सभी किसान जत्थेबंदियों और राजनीतिक पार्टियों से अपील की गई कि वे मिलकर इस मसले का हल ढूंढें और आंदोलन की रूप-रेखा इस तरह तैयार करें कि आंदोलन और मजबूत हो जाए और पंजाब के व्यापारियों और कारोबारियों का नुकसान भी न हो।
उन्होंने कहा कि अगर पंजाब की इंडस्ट्री को नुकसान होता है तो बहुत सारे लोग बेरोजगार हो जाएंगे और सरकार के मालिए पर भी गहरा असर पड़ेगा क्योंकि सरकार को उद्योगों से बहुत सारा टैक्स मिलता है, जिसका उपयोग सूबे के विकास और जन कल्याण के लिए किया जाता है।
उन्होंने केंद्र सरकार से किसानों की मांगों को जल्द हल करने की अपील करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खेती कानूनों को वापस लेने का वादा किया था, इसलिए उन्हें अपना वादा निभाना चाहिए।
