आंगनवाड़ी वर्करों को बाल विवाह रोकथाम अधिनियम और महिला हेल्पलाइन पर प्रशिक्षण दिया गया
बलाचौर- सामाजिक सुरक्षा और महिला एवं बाल विकास विभाग, पंजाब के अंतर्गत ब्लॉक बलाचौर के सर्कल मजारी की आंगनवाड़ी वर्करों के समूह को आज सर्कल मीटिंग के दौरान बाल विवाह रोकथाम अधिनियम 2006 और महिला हेल्पलाइन 181 पर प्रशिक्षण दिया गया।
इस अवसर पर बाल विकास परियोजना अधिकारी, सरोया पूरन पंकज शर्मा ने कहा कि इस प्रशिक्षण के दौरान उपस्थित आंगनवाड़ी वर्करों के समूह को अधिनियम पर प्रशिक्षण दिया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराई को रोकना है। उन्होंने कहा कि बाल विवाह रोकथाम अधिनियम 2006 के अनुसार विवाह के समय लड़की की न्यूनतम आयु 18 वर्ष और लड़के की 21 वर्ष निर्धारित की गई है।
निर्धारित आयु से कम आयु में विवाह को कानूनी मान्यता नहीं दी गई है और कानून का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी सजा और जुर्माने का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि इस कानून के तहत बाल विकास परियोजना अधिकारियों और सरकारी सीनियर स्कूलों के प्रिंसिपलों को बाल विवाह निषेध अधिकारी के रूप में नामित किया गया है।
उन्होंने कहा कि इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से गांवों में आम जनता को कानून के बारे में जागरूक करना है ताकि यह संदेश घर-घर तक पहुंचाया जा सके। उन्होंने आम जनता से अपील की कि वे जागरूक होकर इस सामाजिक बुराई को रोकने के लिए मिलकर प्रयास करें। इस अवसर पर सुपरवाइजर अमनदीप कौर व सभी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहीं।
