आपदा मित्र योजना का 12 दिवसीय शिविर समाप्त

बलाचौर - भारत सरकार, एनडीएमए, एनडीएमए पंजाब, डीडीएमए एसबीएस नगर और महात्मा गांधी स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन चंडीगढ़ ने देश में किसी भी प्रकार की प्राकृतिक या मानव निर्मित आपदा के मामले में राहत प्रदान करने के लिए आपदा मित्र योजना शुरू की है। यह योजना कल शहीद भगत सिंह नगर में पाठ्यक्रम निदेशक प्रोफेसर जोग सिंह जी (वरिष्ठ सलाहकार मैगसीपा) के नेतृत्व में शुरू की गई।
प्रो. भाटिया ने कहा कि इस योजना के तहत भारत के कई जिलों में आपदाओं से निपटने और लोगों को तत्काल सहायता प्रदान करने के लिए आपदा मित्र स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। प्रत्येक प्रशिक्षित सामुदायिक स्वयंसेवक को एक व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण/आपातकालीन कार्रवाई किट के साथ-साथ जीवन और चिकित्सा सुविधाओं को कवर करने वाला समूह बीमा प्रदान किया जाएगा। जिला/ब्लॉक स्तर पर आवश्यक प्रकाश खोज और बचाव उपकरण, प्राथमिक चिकित्सा किट आदि का एक 'सामुदायिक आपातकालीन आवश्यक संसाधन रिजर्व' बनाया जाएगा। योजना के तहत बाढ़, चक्रवात, भूस्खलन, सूखा, भूकंप आदि जैसी अन्य आपदाओं के दौरान बचाव और राहत कार्यों के लिए सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के प्रो. जोग सिंह भाटिया (पाठ्यक्रम निदेशक और वरिष्ठ सलाहकार, मैगसीपा) की देखरेख में प्रशिक्षण दिया गया। उक्त शिविर में श्रुति अग्रवाल (परामर्शदाता), योगेश उन्याल (प्रशिक्षण समन्वयक), अमनप्रीत कौर, गुलशन हीरा, हरकीरत सिंह, योगेश भारद्वाज, शुभम वर्मा, स्टैनजिन सेला, कुमारी नुर्निशा, सचिन शर्मा एवं अंशुमान शारदा आपदा मित्र योजना प्रशिक्षक उपस्थित रहे। तथा शिविर में विशेष भूमिका निभाई। इस दौरान प्रो. भाटिया ने पत्रकारों को इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि आज आपदा मित्र योजना के तहत 12 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के अंतिम दिन स्वयंसेवकों को पहचान पत्र एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
इस कैंप में अतिरिक्त डिप्टी कमिश्नर (आर) राजीव वर्मा मुख्य मेहमान के तौर पर शामिल हुए और उनके साथ एसडीएम बलाचौर रविंदर बांसल, तहसीलदार नवाशहर परवीन छिब्बर, वाइस चांसलर लैमरीन टेक स्किल यूनिवर्सिटी डॉ. एएस चावला भी विशेष तौर पर मौजूद रहे। इस दौरान प्रशिक्षण लेने वाले सभी स्वयंसेवकों को प्रमाण पत्र एवं आई कार्ड वितरित किये गये। शिविर के समापन समारोह में सभी स्वयंसेवकों ने अतिथियों, प्रशिक्षण दल के सदस्यों एवं आम जनता के समक्ष ड्रिल रिहर्सल कर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया तथा 12 दिनों में जो सीखा है, उसका प्रदर्शन किया।