लहरागागा, 24 अक्टूबर:- यहां आम आदमी क्लीनिक का दौरा करने के बाद पंजाब के कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने मीडिया से बातचीत करते हुए शिरोमणि अकाली दल और भारतीय जनता पार्टी के बीच दोबारा गठबंधन की चर्चाओं पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि पंजाब के लोग इन दोनों पार्टियों की नीतियों और कार्यप्रणाली से भली-भांति परिचित हैं। उन्होंने कहा कि संभावित गठबंधन का राजनीतिक परिणाम ‘शून्य जमा शून्य’ ही रहेगा, क्योंकि पंजाब के लोग अब विकास, जनकल्याण और जमीनी स्तर पर किए जा रहे कार्यों को प्राथमिकता देते हैं।
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि दोनों पार्टियों के बीच समझौता करना या न करना उनका आंतरिक फैसला है, लेकिन इससे उनके पिछले प्रदर्शन के बारे में लोगों की राय नहीं बदलेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि लंबे समय तक पंजाब में सत्ता में रहने और केंद्र सरकार में सहयोगी होने के बावजूद दोनों पक्ष पंजाब के हितों की रक्षा करने की अपनी जिम्मेदारी निभाने में विफल रहे।
किसान आंदोलन का उल्लेख करते हुए बरिंदर कुमार गोयल ने कहा कि देश के अन्न भंडार भरने वाले किसानों को अपने अधिकारों के लिए लंबा संघर्ष करना पड़ा। उन्होंने दावा किया कि इस संघर्ष के दौरान 750 से अधिक किसानों की जान गई। उन्होंने कहा कि किसान परिवारों ने जो दुख झेला, उसे पंजाब के लोग भुला नहीं सकते और इसके लिए जिम्मेदार पक्षों को माफ नहीं करेंगे।
उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी लोगों के विश्वास और अपनी सरकार द्वारा किए जा रहे जनकल्याणकारी कार्यों के आधार पर जनता के बीच जा रही है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार का ध्यान लोगों की बुनियादी जरूरतें पूरी करने तथा स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य सार्वजनिक सुविधाओं को मजबूत करने पर केंद्रित है।
पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के हालिया दौरे के बारे में बात करते हुए कैबिनेट मंत्री ने कहा कि आठ मजदूरों की मौत और 12 लोगों के घायल होने की दुखद घटना के कारण पूरा क्षेत्र शोक में था। उन्होंने कहा कि ऐसे समय में पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करना और उन्हें हौसला देना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
सोशल मीडिया पर सामने आई तस्वीरों का हवाला देते हुए बरिंदर कुमार गोयल ने कहा कि दुख साझा करने पहुंचे चरणजीत सिंह चन्नी द्वारा गुलदस्ते स्वीकार करना मौके की गंभीरता के अनुरूप उचित नहीं था। इसे असंवेदनशील व्यवहार बताते हुए उन्होंने कहा कि सार्वजनिक जीवन में रहने वाले नेताओं को शोक के अवसरों पर विशेष संयम और संवेदनशीलता बरतनी चाहिए।
लहरागागा मेडिकल कॉलेज के संबंध में चन्नी की टिप्पणियों का जवाब देते हुए कैबिनेट मंत्री ने कहा कि यह परियोजना विधानसभा क्षेत्र और आसपास के इलाकों के लिए एक बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि इसकी महत्ता समझने के लिए उन लोगों की जरूरतों को समझना जरूरी है, जिन्हें विशेष उपचार के लिए दूर-दराज के शहरों में जाना पड़ता है। उन्होंने कहा कि इस पहल की अहमियत साबित करने के लिए उन्हें चरणजीत सिंह चन्नी से किसी प्रमाणपत्र की जरूरत नहीं है।
सरकारी संपत्ति बेचने के आरोपों को खारिज करते हुए बरिंदर कुमार गोयल ने कहा कि पुराना इंजीनियरिंग कॉलेज बंद पड़ा था और उसकी इमारत की हालत लगातार खराब हो रही थी। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने इस परिसर को चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए इस्तेमाल में लाने की पहल की है, ताकि यह संपत्ति लोगों के काम आ सके। उनके अनुसार, इस परियोजना का लाभ लहरागागा और आसपास के क्षेत्रों के साथ-साथ पड़ोसी राज्य हरियाणा के लोगों को भी मिलेगा।
कैबिनेट मंत्री ने बताया कि स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में जैन समाज के सहयोग से लोगों को चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि यहां घुटना प्रत्यारोपण और लेप्रोस्कोपी के जरिए ऑपरेशन मुफ्त किए जा रहे हैं। उनके अनुसार, निजी अस्पतालों में ऐसे ऑपरेशनों पर लगभग 70,000 से 80,000 रुपये तक खर्च हो सकता है, जबकि यह सुविधा मुफ्त मिलने से गरीब और जरूरतमंद परिवारों को बड़ी आर्थिक राहत मिल रही है।
उन्होंने कहा कि लोगों को उनके घरों के नजदीक बेहतर उपचार उपलब्ध करवाना सरकार की प्राथमिकता है। मेडिकल कॉलेज की स्थापना से क्षेत्र में स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सा शिक्षा के विस्तार को बढ़ावा मिलेगा।
बरिंदर कुमार गोयल ने कहा कि 9 जनवरी को पंजाब मंत्रिमंडल द्वारा लहरागागा में मेडिकल कॉलेज को मंजूरी दिए जाने पर क्षेत्र के लोगों ने काफी खुशी व्यक्त की थी। उन्होंने बताया कि वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा और अन्य नेताओं के साथ क्षेत्र में पहुंचने पर लोगों द्वारा किया गया स्वागत इस बात का प्रमाण था कि यह परियोजना स्थानीय लोगों की कितनी महत्वपूर्ण जरूरत है।
कैबिनेट मंत्री ने विपक्षी नेताओं से अपील की कि जनहित की परियोजनाओं पर टिप्पणी करने से पहले तथ्यों और जमीनी हकीकत की जानकारी हासिल करें। उन्होंने कहा कि रचनात्मक आलोचना लोकतंत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है, लेकिन निराधार बयानों के जरिए लोगों को गुमराह करने की कोशिश नहीं होनी चाहिए। उन्होंने दोहराया कि पंजाब सरकार लोगों की सेवा और विधानसभा क्षेत्र के विकास के लिए लगातार प्रयास करती रहेगी।
