नवांशहर (देस राज बाली):- श्री गुरु नानक देव जी के 557वें प्रकाश पर्व को मनाने के लिए गुरु नानक मिशन सेवा सोसाइटी नवांशहर की ओर से आयोजित की जा रही गुरमत समागमों की श्रृंखला का नौवां समागम गुरुद्वारा करतारगढ़, महैतपुर उल्लधनी में बड़ी श्रद्धा के साथ संपन्न हुआ।

ज्ञानी हरप्रीत सिंह, गुरुद्वारा करतारगढ़ के हजूरी रागी, ने गुरबाणी कीर्तन किया। इसके बाद पंथ के प्रसिद्ध कीर्तनीये और दरबार साहिब, श्री अमृतसर के हजूरी रागी भाई ओंकार सिंह ने अपनी मधुर आवाज में अमृतमयी गुरबाणी का कीर्तन प्रस्तुत किया, जिसका संगत ने भरपूर आनंद लिया।

कीर्तन की समाप्ति के बाद गुरु नानक मिशन सेवा सोसाइटी के मुख्य संरक्षक और पंथ के प्रसिद्ध विद्वान ज्ञानी सरबजीत सिंह लुधियाने वालों ने गुरमत विचारों और गुर-इतिहास की जानकारी संगत के साथ साझा की।

समागम की समाप्ति की अरदास गुरुद्वारा करतारगढ़ के मुखी संत बाबा अमरीक सिंह ने की। उन्होंने संगत का धन्यवाद भी किया। गुरु नानक मिशन सेवा सोसाइटी की ओर से उनका विशेष सम्मान किया गया।

सोसाइटी और संत ओंकार सिंह मेमोरियल चैरिटेबल ट्रस्ट के मुख्य सेवादार सुरजीत सिंह ने भी संगत का धन्यवाद किया और आगामी समागमों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने संगत से अपील की कि वे नवांशहर में 14, 15 और 16 नवंबर को आयोजित होने वाले महान कीर्तन दरबार में बढ़-चढ़कर शामिल हों।

आज के समागम में अन्य श्रद्धालुओं के अलावा भाई सुखविंदर सिंह गोबिंदपुर, हरजिंदर सिंह अटारी, दिलबाग सिंह राहों, भगवंत सिंह रुड़की, नंबरदार स्वर्ण सिंह कहमा, परमजीत सिंह मुसापुर, ट्रस्ट सदस्य संतोष सिंह शिवालिक, सुरिंदर सिंह सोइता, सुरजीत सिंह महैतपुरी, महिंदर पाल सिंह जलवाहा, कैप्टन सतनाम सिंह दुपालपुर, हरदीप सिंह सरपंच गढ़पधाणा, जत्थेदार ध्यान सिंह सोना, सोसाइटी संरक्षक उत्तम सिंह सेठी, मुख्य सेवादार दीदार सिंह गहूंण, अमरीक सिंह सेठी, बाबा ज्ञान सिंह, बख्शीश सिंह सैनी, गुरपाल सिंह, रामपाल राय, दलजीत सिंह बडवाल और क्षेत्र की अन्य प्रमुख हस्तियां शामिल हुईं।