संगरूर, 30 अक्टूबर:- भारत सरकार के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (MSME) मंत्रालय के अधीन राष्ट्रीय एससी-एसटी हब ने एसोसिएटेड चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ऑफ इंडिया (ASSOCHAM) के सहयोग से 30 अक्टूबर 2026 को होटल रैमसन्स क्राउन, हरिपुरा रोड, संगरूर (पंजाब) में उद्यमिता जागरूकता एवं विशेष विक्रेता विकास कार्यक्रम (EA&SVDP) का आयोजन किया।

इस कार्यक्रम का उद्देश्य भारत सरकार के MSME मंत्रालय की विभिन्न पहलों, जिनमें राष्ट्रीय एससी-एसटी हब (NSSH) योजना भी शामिल है, के बारे में जागरूकता पैदा करना था। इसका मकसद मौजूदा और संभावित उद्यमियों के बीच राष्ट्रीय एससी-एसटी हब योजना के प्रति जागरूकता बढ़ाना था, ताकि केंद्रीय मंत्रालयों, विभागों और केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उद्यमों (CPSEs) को सार्वजनिक खरीद नीति के तहत निर्धारित 4 प्रतिशत खरीद लक्ष्य को पूरा करने में सुविधा मिल सके।

संभावित और मौजूदा, दोनों प्रकार के उद्यमियों को NSSH योजना तथा MSME मंत्रालय द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई। संभावित उद्यमियों को अपने उद्यमों को औपचारिक रूप देने के लिए उद्यम पोर्टल पर पंजीकरण के महत्व के बारे में विशेष रूप से बताया गया। वहीं, मौजूदा उद्यमियों को विक्रेता पंजीकरण प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेजों, CPSEs द्वारा खरीदी जाने वाली वस्तुओं, ई-टेंडरिंग प्रक्रिया, ऋण सुविधा के विकल्पों तथा कारोबार के विस्तार और स्थिरता के लिए बैंकों के माध्यम से उपलब्ध सब्सिडी के घटकों की विस्तृत जानकारी दी गई।

इस कार्यक्रम में संगरूर (पंजाब) और आसपास के क्षेत्रों से 100 से अधिक मौजूदा एवं संभावित एससी-एसटी उद्यमियों ने भाग लिया।

कार्यक्रम में श्री मोहित, सहायक निदेशक, MSME DFO, लुधियाना; श्री रितेश सिंह, प्रशिक्षक, GeM; श्री ए.एम. शंकर, डिवीजनल मैनेजर, FCI-संगरूर; इंजीनियर धर्मबीर सिंह, SSE, BBMB-संगरूर; श्री सतीश कुमार, चीफ मटीरियल मैनेजर और श्री जतिंदर गुप्ता, सीनियर मटीरियल मैनेजर, IOCL मुख्यालय, नई दिल्ली; श्रीमती चरण्या अंबाती, DGM, प्रोक्योरमेंट, पावरग्रिड कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया, जम्मू; श्री सुरमुख सिंह, लीड डिस्ट्रिक्ट मैनेजर, SBI-संगरूर; श्री शिव प्रकाश, ब्रांच मैनेजर, BOB-संगरूर; श्रीमती जसप्रीत, एग्जीक्यूटिव, DIC-संगरूर; श्री बाल किशन, फैकल्टी, RSETI-संगरूर और श्री राकेश कंधारी, DM, पंजाब एससी वित्त निगम ने शिरकत की।

राष्ट्रीय एससी-एसटी हब, लुधियाना के शाखा प्रभारी श्री सूर्या भूषण ने अपने प्रारंभिक संबोधन में कार्यक्रम की संक्षिप्त जानकारी दी और भारत सरकार की सार्वजनिक खरीद नीति के बारे में बताया। इस नीति के तहत एससी/एसटी स्वामित्व वाले सूक्ष्म एवं लघु उद्यमों (MSEs) से 4 प्रतिशत तथा महिला स्वामित्व वाले MSEs से 3 प्रतिशत सार्वजनिक खरीद अनिवार्य की गई है।

इस कार्यक्रम के माध्यम से मौजूदा और संभावित उद्यमियों तथा CPSEs, MSMEs, वित्तीय संस्थानों और MSMEs की सहायता करने वाली अन्य एजेंसियों जैसे प्रमुख हितधारकों के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का अवसर मिला। तकनीकी सत्रों में MSMEs, बैंकों, CPSEs और GeM के प्रतिनिधियों ने वित्तीय सहायता, विक्रेता सूची में शामिल होने की प्रक्रियाओं और सहायक सेवाओं के बारे में अपने विचार साझा किए, जिससे MSME इकोसिस्टम में आपसी सहयोग मजबूत हुआ।