करनाल, 21 जुलाई:- वरिष्ठ अधिवक्ता एवं करनाल से लोकसभा चुनाव लड़ चुके राजकुमार शर्मा एडवोकेट ने कहा कि देश के युवाओं और छात्रों का सरकार तथा व्यवस्था से भरोसा लगातार उठता जा रहा है। प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार पेपर लीक, बढ़ती बेरोजगारी और युवाओं में बढ़ती निराशा सरकार की विफलता को दर्शाती है।
उन्होंने कहा कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने दायित्वों का निर्वहन करने में पूरी तरह असफल रहे हैं। नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उन्हें पद छोड़ देना चाहिए और प्रधानमंत्री को उन्हें तत्काल मंत्रिमंडल से हटाना चाहिए। राजकुमार शर्मा ने कहा कि शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज करना लोकतंत्र के लिए बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और शर्मनाक है। सरकार को बल प्रयोग करने के बजाय छात्रों से संवाद स्थापित करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि भारत तभी विश्वगुरु बन सकता है जब देश का युवा आत्मविश्वास और अवसरों से भरपूर होगा। यदि युवाओं का भविष्य ही अंधकारमय हो गया तो देश का विकास भी प्रभावित होगा। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक नागरिक को अपनी बात रखने और शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने का अधिकार है। सरकारें जनता द्वारा चुनी जाती हैं, इसलिए सत्ता में बैठे लोगों को निरंकुश रवैया नहीं अपनाना चाहिए।
राजकुमार शर्मा ने दावा किया कि देश में करोड़ों शिक्षित युवा बेरोजगार हैं तथा लगातार पेपर लीक होने से मेहनती छात्रों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा कि निराशा के कारण कई युवा आत्महत्या जैसे कदम उठाने को मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश से मामले में हस्तक्षेप कर युवाओं के भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे युवाओं पर बल प्रयोग लोकतंत्र के लिए शर्मनाक राजकुमार शर्मा
