नवांशहर (देस राज बाली):- गुरु नानक देव विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित डी-जोन के ज़ोनल युवा महोत्सव में सिख नेशनल कॉलेज, बंगा ने अपनी कला और सांस्कृतिक प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करते हुए लगातार छठी बार ओवरऑल चैंपियनशिप की ट्रॉफी अपने नाम कर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। कॉलेज ने विभिन्न कलात्मक, संगीत, रंगमंच और साहित्यिक प्रतियोगिताओं में शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 100 अंक प्राप्त किए।

यह गौरवपूर्ण उपलब्धि कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. इंदु रत्ती के नेतृत्व में संभव हुई। विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक मामलों के डीन डॉ. गुरविंदर सिंह और सहायक डीन/लाइब्रेरियन मनमंत सिंह के मार्गदर्शन और प्रोत्साहन से विभिन्न प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया।

ललित कला प्रतियोगिताओं में कोलाज, फुलकारी और पेंटिंग ने पहला स्थान हासिल किया। कार्टूनिंग और पोस्टर मेकिंग ने दूसरा स्थान, जबकि क्ले मॉडलिंग ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।

संगीत प्रतियोगिताओं में शास्त्रीय गायन एकल ने पहला स्थान हासिल किया। समूह गीत, शबद/भजन, गीत, ग़ज़ल और वेस्टर्न समूह गीत ने दूसरा स्थान प्राप्त किया, जबकि कविश्री, वेस्टर्न गायन एकल और वेस्टर्न वाद्ययंत्र एकल ने तीसरा स्थान हासिल किया।

रंगमंच प्रतियोगिताओं में स्किट ने पहला स्थान, माइम ने दूसरा स्थान और मिमिक्री ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।

इसी तरह, साहित्यिक प्रतियोगिताओं में पंजाबी और अंग्रेज़ी भाषण में कॉलेज ने पहला स्थान हासिल किया। पंजाबी और अंग्रेज़ी वाद-विवाद में भी कॉलेज के विद्यार्थियों ने पहला स्थान प्राप्त किया, जबकि कविता प्रतियोगिता में तीसरा स्थान हासिल किया।

इन शानदार उपलब्धियों के बल पर सिख नेशनल कॉलेज, बंगा ने 100 अंक प्राप्त करके लगातार छठी बार डी-जोन ज़ोनल युवा महोत्सव की ओवरऑल चैंपियनशिप जीत ली। यह उपलब्धि कला, साहित्य, संगीत और सांस्कृतिक गतिविधियों में कॉलेज के निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन को दर्शाती है।

इस ऐतिहासिक जीत पर प्रिंसिपल डॉ. इंदु रत्ती ने सभी विद्यार्थियों, सांस्कृतिक मामलों के डीन डॉ. गुरविंदर सिंह, सहायक डीन/लाइब्रेरियन मनमंत सिंह तथा पूरे स्टाफ को बधाई दी। उन्होंने प्रो. दिल नवाज़ (प्रभारी, ललित कला), प्रो. मनमंत सिंह (प्रभारी, संगीत), प्रो. मुनीश संधीर (प्रभारी, रंगमंच) और डॉ. निर्मलजीत कौर (प्रभारी, साहित्यिक गतिविधियां) को भी बधाई देते हुए कहा कि यह जीत विद्यार्थियों की मेहनत, शिक्षकों के योग्य मार्गदर्शन और कला एवं संस्कृति के प्रति कॉलेज की प्रतिबद्धता का परिणाम है। उन्होंने कहा कि कॉलेज के लिए यह गर्व की बात है कि विद्यार्थी लगातार छह वर्षों से युवा महोत्सवों में अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि यह केवल एक ट्रॉफी नहीं, बल्कि सिख नेशनल कॉलेज, बंगा की निरंतर मेहनत, रचनात्मकता और सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित रखने की प्रतिबद्धता का प्रतीक है।