अंबाला, 23 अक्टूबर (आर. सिंह):- जिला बाल कल्याण परिषद, अंबाला द्वारा आयोजित तीन दिवसीय जिला स्तरीय बाल उत्सव-2026 का समापन शुक्रवार को कुमारी रुक्मणी देवी हॉल में हुआ। हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद की मानद महासचिव मीना कंबोज ने समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की, जबकि शिवालिक विकास एजेंसी की सीईओ पूजा कुमारी विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं।
इससे पहले जिला बाल कल्याण अधिकारी विश्वास मलिक ने मुख्य अतिथि का स्वागत किया। इसके बाद मुख्य अतिथि और अन्य गणमान्य व्यक्तियों ने दीप प्रज्वलित कर समापन समारोह का उद्घाटन किया।
समारोह को संबोधित करते हुए मीना कंबोज ने कहा कि बाल भवन बच्चों की छिपी प्रतिभाओं को निखारने और उनके सपनों को साकार करने का एक सशक्त माध्यम है। हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद द्वारा ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने का उद्देश्य राज्य के प्रत्येक बच्चे को अपनी प्रतिभा दिखाने और विभिन्न प्रतियोगिताओं के माध्यम से आगे बढ़ने के समान अवसर प्रदान करना है। उन्होंने बच्चों को अपनी पढ़ाई में कड़ी मेहनत और लगन से काम करने के लिए प्रोत्साहित किया। साथ ही, उन्होंने अपनी संस्कृति, मूल्यों और अनुशासन को अपनाने की भी अपील की। मुख्य अतिथि ने मिनी बाल भवन और भारत स्काउट्स एंड गाइड्स संस्थान में आयोजित गतिविधियों का निरीक्षण किया और बच्चों की कलाकृतियों, स्केच तथा हस्तशिल्प की सराहना की।
आयोजकों में शामिल राकेश मक्कड़ ने बताया कि इस वर्ष तीन नई बातें हुई हैं। पहली, इस बार जिले के 3,500 बच्चों ने भाग लिया, जो एक रिकॉर्ड है। दूसरी, इस वर्ष सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी शामिल हुए। तीसरी, इस बार निर्णायकों ने कोई आतिथ्य उपहार स्वीकार नहीं किया, जबकि पहले उन्हें हमेशा ऐसे उपहार दिए जाते थे।
एकांकी नाटक, फन गेम्स और थिएटर (नाट्य कला) प्रतियोगिताओं के निर्णायक प्रतिष्ठित हस्तियां थीं। इनमें फिल्मों और धारावाहिकों के अभिनेता-निर्देशक तथा थिएटर कलाकार श्रीमती कमलेश शर्मा, प्रमोद पब्बी और अनिल कौशल शामिल थे। हरियाणवी समूह गान और समूह नृत्य प्रतियोगिताओं के निर्णायकों में हरियाणवी फिल्मों की अभिनेत्री रेखा सरीन, अरविंद सूरी और अनिल महंत शामिल थे। इनके अलावा, पंजाब विश्वविद्यालय से अमनप्रीत कौर बेदी, दीक्षा मक्कड़, खुशी मनचंदा, प्रियंका अग्रवाल, डॉ. स्वारित शर्मा, डॉ. पूजा, अंतरराष्ट्रीय चित्रकार एच.एस. पुरेवाल और यामिनी जैन भी निर्णायकों में शामिल थे।
अंतिम दिन समूह नृत्य, एकल नृत्य, क्ले मॉडलिंग, मेहंदी, शास्त्रीय नृत्य, देशभक्ति समूह गान, एकल गायन, हिंदी और अंग्रेजी कैलीग्राफी तथा मौके पर स्केचिंग की प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। स्कूली बच्चों ने मनमोहक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समारोह की रौनक बढ़ाई।
कार्यक्रम के अंत में जिला बाल कल्याण अधिकारी विश्वास मलिक ने उत्सव के सफल आयोजन में सहयोग देने के लिए जिला प्रशासन, स्कूलों, शिक्षकों, संगठनों, समाजसेवियों और अन्य सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर जिला बाल कल्याण अधिकारी विश्वास मलिक, इंसानियत फाउंडेशन की संस्थापक गीतांश मल्होत्रा, अशोक राणा, लाइफ मेंबर राकेश मक्कड़, विजय वडेरा, प्रमोद पब्बी, इंद्रजीत सिंह, रूपजीत सिंह और अन्य लोग उपस्थित थे।
