चंडीगढ़, 17 अक्टूबर:- हरियाणा में जनता के विश्वास, सुशासन के संकल्प और जनकल्याण के प्रति प्रतिबद्धता के बल पर राज्य सरकार ने अपने लगातार तीसरे कार्यकाल के दो वर्ष पूरे कर लिए हैं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने प्रदेशवासियों का धन्यवाद करते हुए कहा कि जनता ने जिस विश्वास के साथ सरकार को सेवा की जिम्मेदारी सौंपी है, सरकार उसे पूरी निष्ठा, पारदर्शिता, संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ निभा रही है। उन्होंने कहा कि उनकी राजनीति सत्ता के लिए नहीं, बल्कि सेवा के लिए है। प्रदेश के 2 करोड़ 80 लाख नागरिकों की उम्मीदें उनकी प्राथमिकता हैं और हरियाणा को विकास, समान अवसरों तथा जनकल्याण के नए मुकाम तक पहुंचाना उनका संकल्प है।

मुख्यमंत्री चंडीगढ़ में राज्य सरकार के तीसरे कार्यकाल के दो वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा और कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा भी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री ने सरकार की दो वर्षों की उपलब्धियों पर आधारित पुस्तिका का भी विमोचन किया।

विपक्ष पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अपने कार्यकाल में हरियाणा को नंबर वन बताने वाले लोगों को आज प्रदेश की वास्तविक प्रगति और बदलती तस्वीर हजम नहीं हो रही है। उनके समय में हरियाणा नंबर वन तो था, लेकिन पर्ची-खर्ची, भाई-भतीजावाद, डर, भ्रष्टाचार और क्षेत्रवाद के मामलों में। नौकरियों में योग्यता के बजाय सिफारिश और पर्ची-खर्ची का बोलबाला था। पाताल से लेकर आकाश तक घोटाले थे। ऐसे शासन ने प्रदेश के विकास को पीछे धकेला और प्रदेशवासियों के साथ धोखा किया। उनकी सरकार के दस वर्षों के दौरान केवल एक क्षेत्र का विकास किया गया और बाकी हरियाणा की अनदेखी की गई। उनके कार्यकाल में तीन-तीन दिन बाद गैस सिलेंडर मिलता था और इस मामले में हरियाणा नंबर वन था। झूठे वादों में भी प्रदेश नंबर वन था। वे 24 घंटे बिजली देने की बात करते थे, लेकिन हरियाणा चार से पांच घंटे बिजली मिलने के मामले में नंबर वन था। यही कारण है कि जागरूक हरियाणावासियों ने बदलाव का फैसला लेते हुए उन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाया।


सत्ता में रहते हुए लोगों से मिलते तक नहीं थे, आज सड़कों पर घूम रहे हैं कांग्रेसी नेता

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस नेताओं पर तंज कसते हुए कहा कि आज कुछ लोग सड़कों पर घूमकर जनता के बीच जाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन जब उनके हाथ में सत्ता थी, तब वे आम लोगों से मिलना तक पसंद नहीं करते थे। उन्होंने कहा कि उस समय उन्हें लोगों के पसीने की बदबू आती थी। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस की गलत नीतियों के कारण लोगों को परेशानियों और कठिनाइयों का सामना करना पड़ा और जनता इसका जवाब दे चुकी है।


‘विकसित भारत-2047’ के विजन के अनुरूप हरियाणा को देश का अग्रणी विकसित राज्य बनाने का संकल्प

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘विकसित भारत-2047’ के विजन के अनुरूप हरियाणा को देश का अग्रणी विकसित राज्य बनाना सरकार का संकल्प है। इसी दिशा में ‘विकसित हरियाणा, विकसित भारत’ की भावना के साथ हर नीति, योजना और निर्णय को किसानों की समृद्धि, गरीबों के आर्थिक सशक्तिकरण, युवाओं के रोजगार, महिलाओं के सम्मान तथा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर केंद्रित किया गया है।


संकल्पों को सिद्धि में बदलने की दिशा में ठोस कदम, दो वर्षों में 217 में से 76 संकल्प पूरे

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का मानना है कि ‘विकसित हरियाणा, विकसित भारत’ की मजबूत नींव किसानों की समृद्धि, गरीबों की आर्थिक सुरक्षा, युवाओं के रोजगार, महिलाओं के सम्मान और बेहतर शिक्षा एवं स्वास्थ्य सुविधाओं से बनती है। पिछले दो वर्षों के दौरान सरकार के हर निर्णय और हर योजना के केंद्र में यही सोच रही है। उन्होंने कहा कि सरकार जो कहती है, उसे करके भी दिखाती है। इसका प्रमाण है कि पिछली विधानसभा चुनावों के संकल्प-पत्र के 217 में से 76 संकल्प केवल दो वर्षों में पूरे कर दिए गए हैं। इनमें मुख्य रूप से दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने 2,100 रुपये की वित्तीय सहायता, सभी फसलों की न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद, नकली खाद, बीज और कीटनाशक बनाने तथा बेचने वालों को पांच साल की सजा देने संबंधी कानून, डंकी रूट की समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए कानून, हर हरियाणवी अग्निवीर को सरकारी नौकरी की गारंटी, सभी जिला सरकारी अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में किडनी के मरीजों के लिए मुफ्त डायलिसिस सेवा, आयुष्मान भारत योजना के तहत 70 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्गों को पांच लाख रुपये तक के मुफ्त इलाज की सुविधा, अनुबंध आधार पर कार्यरत कर्मचारियों को सेवा सुरक्षा और हरियाणा राज्य के गठन से पहले के पट्टेदारों को जमीन का मालिकाना हक देना शामिल है। इसके अलावा, 141 संकल्पों पर काम जारी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कर्मभूमि रहा है और उनका प्रदेश से विशेष लगाव है। इसी कारण उन्होंने राज्य के अपने 18 दौरों के दौरान 86 हजार करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं की सौगात दी है। पिछले 12 वर्षों में केंद्र सरकार की विभिन्न योजनाओं के तहत हरियाणा को सात लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि मिली है।


एचसीएस परीक्षा के नतीजों ने व्यवस्था में बदलाव दिखाया, युवाओं का ध्यान अब पढ़ाई पर

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि पहले युवाओं को नौकरी पाने के लिए नेताओं के चक्कर लगाने पड़ते थे। उनका समय पढ़ाई करने के बजाय सिफारिश के लिए चक्कर लगाने में बीतता था। आज युवा अपना पूरा ध्यान पढ़ाई और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी पर लगा रहे हैं।

उन्होंने कहा कि एचसीएस परीक्षा के परिणाम ने साबित कर दिया है कि अब युवाओं को योग्यता के आधार पर नौकरियां मिल रही हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि सरकार अब तक 46,500 युवाओं को नौकरियां दे चुकी है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता भी जानते हैं कि उनके द्वारा खड़ी की गई व्यवस्था के बावजूद सरकार ने बिना पर्ची-खर्ची के नौकरियां दी हैं।


पंजाब में नशे को लेकर किए गए वादों का क्या हुआ? आम आदमी पार्टी की सरकार दे जवाब

पंजाब में नशे की समस्या को लेकर मुख्यमंत्री ने वहां की सरकार के कामकाज पर सवाल उठाते हुए कहा कि जनता से तीन से छह महीने में नशा कम करने का वादा किया गया था। उन्होंने पूछा कि उस वादे के अब तक क्या परिणाम सामने आए हैं।

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार ने काम करने का समय गंवा दिया है और आज लोग डर के कारण नशे के खिलाफ शिकायत करने से भी बचते हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार को जनता से किए गए वादों का जवाब देना चाहिए।


बिना थके, बिना रुके देश के लिए काम कर रहे हैं प्रधानमंत्री मोदी

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बिना थके, बिना रुके और बिना छुट्टी लिए देश को आगे बढ़ाने के लिए लगातार काम कर रहे हैं। उनकी कार्यशैली जनप्रतिनिधियों के लिए प्रेरणा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के कामकाज के कारण देश के विभिन्न राज्यों और विदेशों में रहने वाले भारतीयों की उम्मीदें बढ़ी हैं। अपने स्वीडन दौरे का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि वहां भी लोग ‘मोदी-मोदी’ के नारे लगाते हैं और भारत में काम करने तथा निवेश करने के लिए उत्सुक हैं। मुख्यमंत्री ने इसे प्रधानमंत्री की नीतियों का परिणाम बताया। उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उन्हें प्रधानमंत्री की नीतियों और उनके प्रभाव की समझ नहीं है।

इस अवसर पर मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी, आयुक्त एवं सचिव डॉ. अमित अग्रवाल, आयुक्त एवं सचिव अशोक मीणा, आयुक्त एवं सचिव के. मकरंद पांडुरंग, मुख्यमंत्री के मीडिया सलाहकार राजीव जेटली सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।