हांसी:–आम आदमी पार्टी ने कहा है कि देश व प्रदेश में आम चीजों के बढ़ते दामों से आम आदमी का जीना मुहाल हो गया है। एक के बाद एक चीजों के रेट बढ़ाने से महंगाई चरम पर पहुंच गई है। ऐसे में गरीब आदमी तिल-तिलकर मरने को मजबूर हो गया है। प्रेस को जारी बयान में पार्टी के हांसी जिला अध्यक्ष राजेन्द्र सोरखी ने कहा है कि भाजपा के राज में देश में लगातार बढ़ती महंगाई ने आम आदमी की कमर तोड़ दी है। एक तरफ रोजमर्रा की जरुरतों की कीमतें बढ़ रही हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकार के पुराने चुनावी वायदे जनता के सामने सवाल बनकर खड़े हैं। रसोई में रोजमर्रा की जरुरत चीनी के दाम आसमान पर पहुंचे गये हैं। 45 रुपये किलो बिकने वाली चीनी आज 60-65 रुपये किलो हो गई है। इसी तरह सरसों का तेल, प्याज, टमाटर सहित कई सब्जियों के दाम आम आदमी की पहुंच से बाहर हो गये हैं। दाल-रोटी खाओ, प्रभु के गुण गाओ का नारा भी अब गलत साबित हो रहा है। भाजपा सरकार की जन विरोधी नीतियों के कारण दाल भी आम आदमी की रसोई से दूर हो गई है। दाल का रेट भी 150 रुपये से 200 रुपये किलो तक हो गया है।  
आम आदमी पार्टी की राष्ट्रीय परिषद के सदस्य राजेन्द्र सोरखी ने बढ़ती महंगाई पर चिंता व्यक्त करते हुए भाजपा ने सत्ता में आने से पूर्व महंगाई पर अंकुश लगाने का वायदा किया था किंतु आज अपने वायदे के खिलाफ ही चलकर महंगाई को आसमान पर पहुंचा दिया है। महंगाई बढ़ाने के पीछे सत्ता में बैठे लोग अपना घर भरने में लगे हुए हैं। कभी पेट्रोल-डीजल तो कभी अनेक तरह टैक्सों में बढ़ोतरी तो कभी जरुरत की चीजों के बेतहाशा रेट बढ़ाकर सरकार ने अपना असली चेहरा जनता के सामने दिखाने का काम किया है। पेट्रोल-डीजल महंगा होने का सीधा असर परिवहन, खाद्य पदार्थों, खेती और रोजमर्रा की हर जरुरत पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि यदि आने वाले समय में महंगाई और बढ़ती है, तो सरकार के पास आम गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए क्या योजना है? क्या गरीब आदमी इसी तरह महंगाई की चक्की में पिसता रहेगा? सरकार को अपने पुराने बयानों और वायदों  पर गंभीरता से संज्ञान लेना चाहिए। जनता को भाषण नहीं, राहत, रोजगार, सम्मान और महंगाई से निजात चाहिए।