हरोली/ऊना, 25 जुलाई (राजवीर चोपड़ा):- राजकीय महाविद्यालय हरोली में विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य एवं समग्र कल्याण को ध्यान में रखते हुए मेंटल वेलनेस विषय पर एक जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया।  कार्यशाला की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य ने की।कार्यशाला की मुख्य वक्ता अंबा पाल ने विद्यार्थियों को मानसिक तनाव के प्रमुख कारणों तथा उनसे उबरने के प्रभावी उपायों की विस्तृत जानकारी दी।
मुख्य वक्ता  अंबा पाल ने  अपने संबोधन में बताया कि अत्यधिक पढ़ाई का दबाव, पारिवारिक एवं सामाजिक अपेक्षाएँ, भविष्य की चिंता, समय प्रबंधन की कमी, सोशल मीडिया का अत्यधिक उपयोग तथा नकारात्मक सोच मानसिक तनाव के प्रमुख कारण हैं। उन्होंने कहा कि यदि समय रहते तनाव की पहचान कर उसका उचित समाधान किया जाए, तो मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखा जा सकता है।
उन्होंने विद्यार्थियों को तनाव से बचने के लिए नियमित योग एवं ध्यान, संतुलित आहार, पर्याप्त नींद, सकारात्मक सोच, समय का सही प्रबंधन, शारीरिक गतिविधियों में भागीदारी तथा अपनी समस्याओं को परिवार, मित्रों या विशेषज्ञों से साझा करने की सलाह दी। उन्होंने यह भी कहा कि मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना उतना ही आवश्यक है जितना शारीरिक स्वास्थ्य का।
कार्यशाला के दौरान  सभी अध्यापक गण तथा 250 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया तथा मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछकर अपनी जिज्ञासाओं का समाधान प्राप्त किया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा तनावमुक्त एवं सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना था।
 महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ राजेंद्र कुमार ने भी विद्यार्थियों को हर परिस्थिति में स्वयं को मानसिक रूप से स्वस्थ और संबल बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। कैप्टन सोनिका सैनी ने अंबा पाल मैडम  ओर प्राचार्य का धन्यवाद ज्ञापित किया।