हरियाणा/हिसार- भिवानी जिले के सिंघानी गांव में एक शिक्षिका की निर्मम हत्या ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। इस जघन्य अपराध ने न केवल महिला सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं, बल्कि पुलिस की शुरुआती लापरवाही को भी उजागर किया है। इस घटना के बाद, वरिष्ठ समाजसेवी हरीश वर्मा की पूरी टीम ने सख्त कार्रवाई की मांग की है
वरिष्ठ समाजसेवी हरीश वर्मा ने अपने पत्र में इस मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। हरीश वर्मा ने कहा कि यह घटना दर्शाती है कि समाज में महिलाओं की सुरक्षा कितनी जोखिम में है। उन्होंने सरकार एवं प्रशासन से इस मामले में तुरंत संज्ञान लेने का आग्रह किया, ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि जांच बिना किसी दबाव के हो और दोषियों को जल्द से जल्द कठोरतम सजा मिले।
हरीश वर्मा ने इस घटना पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि सिंघानी गांव में शिक्षिका की निर्मम हत्या पूरे भिवानी ही नहीं, बल्कि पूरे हरियाणा की आत्मा को झकझोर देने वाली घटना है। समाज को ज्ञान देने वाली शिक्षिका आज खुद असुरक्षित है, यह हमारे तंत्र और व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करता है।
उन्होंने दोषियों को तुरंत गिरफ्तार कर कठोरतम सजा देने और मामले को फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलाने की मांग की। उन्होंने कहा कि ऐसा करने से भविष्य में कोई भी ऐसी घिनौनी हरकत करने से पहले सौ बार सोचेगा। हरीश वर्मा ने कहा कि यह लड़ाई सिर्फ एक शिक्षिका के लिए नहीं, बल्कि हर महिला और शिक्षक की सुरक्षा के लिए है।
पुलिस की लापरवाही पर उठे सवाल-
वर्मा ने अपने पत्र में पीड़ित परिवार और स्थानीय लोगों के आरोपों का भी जिक्र किया, जिसमें कहा गया है कि पुलिस नेx घटना की सूचना मिलने के बावजूद समय पर और गंभीरता से कार्रवाई नहीं की। इसी लापरवाही के कारण यह जघन्य अपराध हुआ। हरीश वर्मा ने सरकार एवं प्रशासन से मांग की कि वे इस मामले में निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करें, ताकि आम जनता का न्याय प्रणाली पर विश्वास बना रहे।
