नवांशहर - रेड क्रॉस नशा मुक्ति एवं पुनर्वास केंद्र नवांशहर द्वारा नशा मुक्त भारत अभियान के तहत सरकारी सीनियर सेकेंडरी स्कूल करेहा में नशा विरोधी जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर की अध्यक्षता श्रीमती रणजीत कौर (प्रिंसिपल) ने संयुक्त रूप से की।
इस अवसर पर श्री चमन सिंह (परियोजना निदेशक) ने रेड क्रॉस के इतिहास के बारे में विस्तार से भाषण दिया और रेड क्रॉस के संस्थापक सर हेनरी के जीवन के बारे में बताया कि वह कपड़े पहनकर घायल लोगों की सेवा करते थे युद्ध में मानवता की मदद करने वाले बैंडेज ने लोगों के कल्याण के लिए रेड क्रॉस की स्थापना की, साथ ही रेड क्रॉस की मानवता के पक्ष में जाने वाली गतिविधियों के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि आज के युग में नशा हमारे देश की एक गंभीर समस्या है और पंजाब के युवा भी दिन-ब-दिन नशे की दलदल में फंसते जा रहे हैं। पंजाब राज्य समृद्ध होने के कारण ड्रग माफिया ने इसका शोषण किया है। उन्होंने कई घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि हमारे पंजाब का युवा नशे की दलदल में डूबता जा रहा है. युवा अपने माता-पिता की मेहनत की कमाई को पानी की तरह बहाकर पैसा बर्बाद कर रहे हैं। आजकल कॉलेजों, विश्वविद्यालयों में नशे की लत वाले छात्र आम देखे जा सकते हैं और अब तो स्कूली छात्रों को भी गुमराह कर नशे के दलदल में फंसाया जा रहा है। उन्होंने अपील की कि आज से ही स्कूल के विद्यार्थियों को नशे के बारे में जानकारी देना बहुत जरूरी है, ताकि कोई भी विद्यार्थी जाने-अनजाने इस दलदल में न फंसे। उन्होंने कहा कि स्कूल के शिक्षकों को भी बच्चों को जागरूक कर नशे के बारे में जानकारी देनी चाहिए। अभिभावक भी विद्यालय आकर बच्चों की पढ़ाई के संबंध में जानकारी प्राप्त करें, विद्यालय में शिक्षकों एवं अभिभावकों से मिलें तथा बैठक में अवश्य उपस्थित रहें।
स्कूलों में धूम्रपान, शराब पीने, यौन संबंध बनाने या खाने की बुरी आदतों को रोकने के लिए कार्यक्रम होने चाहिए। उन्हें छात्रों के ज्ञान और कौशल को बेहतर बनाने और प्रतिधारण, विकास को बढ़ावा देने के लिए काम करना चाहिए। विद्यार्थियों से अपील की कि वे आज के शिविर के बारे में अपने माता-पिता व आस-पड़ोस को बताएं, ताकि जरूरतमंदों का इलाज किया जा सके.
इस अवसर पर श्रीमती कमलजीत कौर (काउंसलर) ने सभा को संबोधित करते हुए लोगों को केंद्र की सुविधाओं और गतिविधियों के बारे में जानकारी दी। यदि कोई युवा इस नशे जैसी बीमारी की चपेट में आ जाए तो उसे केदार से जुड़कर इलाज कराने के लिए प्रेरित करना चाहिए।
श्री अजमेर सिद्धु (शिक्षक) ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि आज का युवा नशे की दलदल में फंसता जा रहा है। मानवता को सर्वोपरि रखते हुए अपने युवाओं को नशे से बचाना, उन्हें नशे के प्रति जागरूक करना हमारा प्राथमिक कर्तव्य है ताकि वे नशे से दूर रह सकें। इस अवसर पर स्कूल की छात्रा जसप्रीत कौर व सिमरन कौर ने नशे के खिलाफ अपने विचार व्यक्त किये। और विद्यार्थियों को नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर सविता रानी एवं रजनी शर्मा ने अपने विचार प्रस्तुत किये। श्रीमती रणजीत कौर (प्रिंसिपल) ने रेड क्रॉस नवांशहर की टीम को धन्यवाद दिया और आश्वासन दिया कि वे नशीली दवाओं के बारे में जागरूकता शिविर आयोजित करना जारी रखेंगे। इस अवसर पर परवेश कुमार, अमनदीप अहलूवालिया, बलदेव राज, सुखवीर सिंह, अनीता शर्मा, गुरपाल कौर, अलका बंगा, मीना कुमारी, अमनदीप, संजीव कशप, सतनाम सिंह, सुखविंदर सिंह और स्कूल के छात्र और उनके अभिभावक उपस्थित थे।
विद्यार्थियों को नशे के प्रति जागरूक करके ही उन्हें नशे से दूर रखा जा सकता है।
