डेराबस्सी (एस.ए.एस. नगर), 4 अगस्त:- राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एन.डी.एम.ए.) एवं पंजाब राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एस.डी.एम.ए.) के सहयोग से महात्मा गांधी स्टेट इंस्टीट्यूट ऑफ पब्लिक एडमिनिस्ट्रेशन (मगसीपा) द्वारा श्री सुखमनी कॉलेज, डेराबस्सी में आयोजित युवा आपदा मित्र प्रशिक्षण कार्यक्रम सफलतापूर्वक जारी है।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के दूसरे दिन की शुरुआत पारंपरिक रूप से दीप प्रज्वलित कर की गई। इस अवसर पर मगसीपा के कोर्स निदेशक, श्री सुखमनी कॉलेज के प्राचार्य, कॉलेज स्टाफ, मगसीपा की प्रशिक्षक टीम तथा डेराबस्सी प्रशासन के अधिकारी उपस्थित रहे।
प्रशिक्षण के दौरान एन.एस.एस. स्वयंसेवकों को भूकंप, हीट वेव (लू), आपदा आने से पूर्व की जाने वाली तैयारियों, प्राथमिक उपचार तथा घरेलू सामग्री का उपयोग कर आपातकालीन स्थिति में किसी घायल अथवा मरीज का जीवन बचाने संबंधी विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
मगसीपा के प्रशिक्षकों ने स्वयंसेवकों को सी.पी.आर. (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) के महत्व से अवगत कराते हुए हृदय गति रुकने की स्थिति में तुरंत किए जाने वाले उपायों तथा सी.पी.आर. की सही तकनीक का व्यावहारिक प्रदर्शन भी किया। इसके अलावा हीट वेव से प्रभावित व्यक्तियों को सुरक्षित तरीके से बचाने, घायल व्यक्ति को एक स्थान से दूसरे स्थान तक ले जाने की विभिन्न तकनीकों तथा प्राथमिक उपचार देने के बाद मरीज को सुरक्षित रिकवरी पोजीशन में लिटाने संबंधी प्रशिक्षण भी दिया गया। प्रतिभागियों को हृदयाघात के कारणों, लक्षणों तथा समय रहते बचाव के लिए किए जाने वाले उपायों की भी जानकारी दी गई।
इस अवसर पर हेड कंसल्टेंट एवं मगसीपा के कोर्स निदेशक (युवा आपदा मित्र योजना) डॉ. प्रो. योग भाटिया ने कहा कि इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य युवाओं को आपदाओं के दौरान त्वरित एवं प्रभावी सहायता प्रदान करने के लिए सक्षम बनाना है, ताकि आपातकालीन परिस्थितियों में जनहानि को न्यूनतम किया जा सके।
इस अवसर पर एन.एस.एस. स्वयंसेवक, एन.एस.एस. कार्यक्रम अधिकारी, श्री सुखमनी कॉलेज के प्राचार्य एवं स्टाफ, मगसीपा की प्रशिक्षक टीम, तहसीलदार बीरकरन सिंह, कानूनगो, पटवारी तथा डेराबस्सी प्रशासन के अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।
युवा आपदा मित्र प्रशिक्षण कार्यक्रम के दूसरे दिन एनएसएस स्वयंसेवकों को आपदा प्रबंधन एवं प्राथमिक उपचार का दिया गया प्रशिक्षण
