चंडीगढ़, 21 अक्टूबर, 2024- पंजाबी विश्वविद्यालय के कानून विभाग की कानूनी सहायता सोसाइटी ने आज राज्य कानूनी सेवा प्राधिकरण (SLSA), UT के सहयोग से एक सफल क्षमता निर्माण कार्यशाला आयोजित की। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता विभाग की अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) वंदना अरोड़ा और फैकल्टी इंचार्ज प्रो. (डॉ.) दिनेश कुमार ने की।
इस अवसर पर SLSA UT चंडीगढ़ के अतिरिक्त जिला और सत्र न्यायधीश श्री सुरेंद्र कुमार, जिन्होंने एफआईआर दर्ज करने के लाभ और शून्य एफआईआर के बारे में अपने मूल्यवान विचार साझा किए। उन्होंने वैकल्पिक विवाद समाधान (ADR) तंत्रों की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला और लोक अदालतों के कामकाज की जानकारी दी।
कार्यशाला में ड्रग्स पर जागरूकता कार्यक्रम, पेंशन योजनाओं, और सरकारी कल्याण योजनाओं पर भी चर्चा हुई। पोक्सो एक्ट, POSH एक्ट 2013 और SHE बॉक्स के महत्व पर भी जानकारी दी गई। श्री लालित, एक पैरालीगल स्वयंसेवक ने कानूनी सहायता के कार्य तंत्र पर प्रकाश डाला।
SLSA के समन्वयक श्री शिव ने छात्रों को कानूनी जागरूकता फैलाने के लिए विभिन्न प्लेटफार्मों का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया। इस अवसर पर समाज ने अपने नए लोगो का शुभारंभ भी किया। कार्यशाला के परिणामस्वरूप प्रतिभागियों के बीच कानूनी सहायता सेवाओं की समझ में वृद्धि हुई।