चंडीगढ़: 19 सितम्बर, 2025: पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज (डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी), चंडीगढ़ में आयोजित इंडस्ट्री–अकादमिक एक्सपर्ट लेक्चर वीक का समापन  क्रिएटिविटी, एनर्जी ट्रांसमिशन और एयरोस्पेस व डिफेंस क्षेत्र की प्रगति पर केंद्रित प्रेरणादायक सत्रों के साथ हुआ।
दिन की शुरुआत प्रोडक्शन एवं इंडस्ट्रियल इंजीनियरिंग विभाग के व्याख्यान से हुई, जिसमें डॉ. धरिन्दर तायल, निदेशक, एनावस क्लीनिकल रिसर्च, चंडीगढ़ ने थिंकिंग प्रोसेस, क्रिएटिव थिंकिंग प्रोसेस और स्वॉट एनालिसिस पर प्रकाश डाला तथा इनोवेशन में क्रिएटिविटी की भूमिका को रेखांकित किया।
इसके बाद इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग ने “लेट्स टॉक ऑन एनर्जी ट्रांजिशन एंड रोल ऑफ रिन्यूएबल्स” विषय पर व्याख्यान आयोजित किया। श्री आशीष जैन, कार्यकारी निदेशक, ओएनजीसी ने पर्यावरणीय और सामाजिक चुनौतियों पर चर्चा की तथा बताया कि ऊर्जा संक्रमण आज की आवश्यकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऊर्जा की खपत जीवन स्तर के सीधे अनुपात में है और छात्रों से नवीकरणीय ऊर्जा आधारित भविष्य की कल्पना करने का आह्वान किया।
एयरोस्पेस इंजीनियरिंग विभाग ने सप्ताह का समापन तीन प्रतिष्ठित विशेषज्ञों के व्याख्यानों के साथ किया। डॉ. एस. सी. शर्मा, पूर्व वैज्ञानिक, इसरो ने 20वीं सदी की विमानन तकनीकों के विकास पर प्रकाश डाला। श्री दीपक लेखी, वैज्ञानिक–एफ, आरसीएमए–सीएमआईएलएसी, डीआरडीओ ने अपने पेशेवर सफर को साझा करते हुए छात्रों को पैशन को प्रोफेशन बनाने के लिए प्रेरित किया।
 वहीं, श्री विक्रांत सत्य, पूर्व वैज्ञानिक एवं प्रोजेक्ट निदेशक, डीआरडीओ व पीईसी पूर्व छात्र ने एयरोस्पेस व डिफेंस क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत की दिशा में स्वदेशीकरण और आत्मनिर्भरता के महत्व को रेखांकित किया।
15 सितम्बर 2025 से आरम्भ हुआ यह इंडस्ट्री–अकादमिक एक्सपर्ट लेक्चर वीक 19 सितम्बर 2025 को सफलतापूर्वक संपन्न हुआ, जिससे प्रतिभागी ज्ञान, प्रेरणा और व्यावसायिक अनुभवों से समृद्ध हुए।