पटना, 8 जुलाई - उद्योगपति गोपाल खेमका हत्याकांड का एक मुख्य संदिग्ध मंगलवार तड़के पटना के दमरिया घाट इलाके में पुलिस के साथ मुठभेड़ में मारा गया। अधिकारियों ने बताया कि उद्योगपति गोपाल खेमका की हत्या का मुख्य संदिग्ध विकास उर्फ ​​राजा (29) कई अन्य आपराधिक मामलों में भी वांछित था।
एक अधिकारी ने बताया कि हत्याकांड की जाँच कर रहे अधिकारियों की टीम को एक गोपनीय सूचना मिली थी, जिसके आधार पर वे विकास की तलाश में सुबह-सुबह दमरिया घाट पहुँचे।
पुलिस अधिकारी ने कहा, "पुलिसकर्मियों को देखकर उसने भागने की कोशिश की और गोलीबारी भी की। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की और वह मारा गया।" उन्होंने बताया कि इस दौरान कोई पुलिसकर्मी घायल नहीं हुआ। अधिकारी ने बताया कि मौके से एक पिस्तौल, एक चला हुआ कारतूस और एक ज़िंदा कारतूस बरामद किया गया है।
उन्होंने कहा कि पुलिस को संदेह है कि विकास ने ही खेमका की हत्या में इस्तेमाल किया गया हथियार मुहैया कराया था। पुलिस ने पहले ही बंदूकधारी उमेश राय को गिरफ्तार कर लिया है और एक अन्य व्यक्ति को हिरासत में लिया है, जिस पर सुपारी किलर को सुपारी देने का संदेह है।
गौरतलब है कि खेमका की शुक्रवार सुबह शहर के गांधी मैदान इलाके में उनके आवास के बाहर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। सात साल पहले हाजीपुर में उनके बेटे की हत्या कर दी गई थी।