अंबाला, 26 अक्टूबर (आर. सिंह):- सरदार जसकरण सिंह द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, भारत स्थित ऐतिहासिक गुरुधामों की यात्रा पर आए 49 सदस्यीय पाकिस्तानी सिख जत्थे ने आज खालसा पंथ के प्रकट स्थल तख्त श्री केसगढ़ साहिब में माथा टेककर अपनी श्रद्धा अर्पित की। जत्थे ने दशमेश पिता श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के समक्ष खालसा पंथ की चढ़दी कला और पश्चिमी तथा पूर्वी पंजाब के गुरुधामों के खुले दर्शन-दीदार की अरदास की। यह जत्था बीती देर रात दिल्ली से श्री आनंदपुर साहिब पहुंचा था।

जसकरण सिंह ने बताया कि श्री आनंदपुर साहिब पहुंचे जत्थे का तख्त श्री केसगढ़ साहिब के जत्थेदार ज्ञानी कुलदीप सिंह गर्गज्ज की ओर से पांच प्यारों के नेतृत्व में स्वागत किया गया। इस अवसर पर शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की आंतरिक कमेटी के सदस्य डॉ. दिलजीत सिंह भिंडर, एसजीपीसी सदस्य सरदार अजमेर सिंह खेड़ा और तख्त साहिब के अतिरिक्त प्रबंधक एडवोकेट हरदेव सिंह भी उपस्थित थे।

आज सुबह जत्थे ने तख्त श्री केसगढ़ साहिब के अलावा गुरु तेग बहादुर जी के शीश के अंतिम संस्कार स्थल गुरुद्वारा सीस गंज साहिब और गुरुद्वारा भोरा साहिब में भी दर्शन किए। इसके बाद तख्त साहिब के सरदार बलदेव सिंह माहिलपुरी बैठक हॉल में प्रबंधकों की ओर से आंतरिक कमेटी सदस्य डॉ. दिलजीत सिंह भिंडर और एसजीपीसी सदस्य सरदार अजमेर सिंह खेड़ा के नेतृत्व में जत्थे को सिरोपे और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।

जत्थे के नेता सरदार पपिंदर सिंह ने तख्त साहिब के प्रबंधकों और शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी का धन्यवाद करते हुए कहा कि श्री आनंदपुर साहिब के ऐतिहासिक गुरुधामों के दर्शन करके उन्हें अपार शांति और सुकून मिला है। उन्होंने कहा कि इस यात्रा की यादों को वे हमेशा अपने मन में संजोकर रखेंगे।

जत्थे में 31 पुरुषों, 17 महिलाओं और एक बच्चे सहित कुल 49 सदस्य शामिल थे। उल्लेखनीय है कि यह जत्था 8 अक्टूबर 2026 को ताशकंद, उज्बेकिस्तान के रास्ते पाकिस्तान से भारत पहुंचा था। श्री हेमकुंट साहिब के दर्शन करने के बाद जत्थे ने बीते दिन दिल्ली के गुरुद्वारों के दर्शन किए और फिर श्री फतेहगढ़ साहिब तथा चमकौर साहिब होते हुए श्री आनंदपुर साहिब पहुंचा। आज जत्था यात्रा के अगले पड़ाव के लिए रवाना हो गया। गुरुद्वारा बाबा बकाला साहिब के दर्शन करने के बाद पाकिस्तानी सिख जत्था आज रात श्री दरबार साहिब, अमृतसर पहुंचेगा। इसके बाद 30 अक्टूबर को जत्था दिल्ली से ताशकंद के रास्ते हवाई जहाज द्वारा पाकिस्तान लौटेगा।

इस अवसर पर तख्त श्री केसगढ़ साहिब के सूचना अधिकारी सरदार हरप्रीत सिंह और धर्म प्रचार कमेटी के उप-कार्यालय से सरदार गुरप्रीत सिंह भुल्लर भी उपस्थित थे