नवांशहर/राहों- आज पंजाब विधानसभा सत्र के पहले दिन राष्ट्रीय मजदूर संगठन (एनएलओ) के संयोजक बलदेव भारती स्टेट अवार्डी ने नवांशहर विधानसभा क्षेत्र के विधायक डॉ. नछत्तर पाल से मुलाकात की और पंजाब भवन एवं निर्माण मजदूर कल्याण बोर्ड की पिछले 3 सप्ताह से पूरी तरह बंद पड़ी वेबसाइट को सुचारू रूप से चलाने के लिए ज्ञापन सौंपा। 
बलदेव भारती ने कहा कि निर्माण मजदूरों के पंजीकरण एवं कल्याण योजनाओं की वेबसाइट पिछले 3 सप्ताह से पूरी तरह बंद होने के कारण पूरे पंजाब में निर्माण मजदूर लाभार्थियों में भारी निराशा और रोष है। उन्होंने कहा कि बोर्ड के ऑनलाइन पोर्टल में पहले भी कई कमियां थीं और इसका सर्वर अधिकतर समय डाउन रहता था। लेकिन अब वेबसाइट पूरी तरह से बंद होने के कारण निर्माण मजदूरों की रजिस्ट्रेशन और कल्याणकारी योजनाओं के आवेदन का काम पूरी तरह से ठप हो गया है। 
दूसरी ओर पंजाब सरकार की ओर से शुरू की गई 'पंजाब कीर्ति सहायक' एप भी भरोसेमंद नहीं है। इस एप ने मजदूरों को राहत पहुंचाने की बजाय उन्हें असमंजस में डाल दिया है। निर्माण मजदूर अपना रोजमर्रा का काम-काज तोड़कर सुविधा केंद्रों के चक्कर काट रहे हैं और मानसिक रूप से परेशान हैं। 
बलदेव भारती ने यह भी कहा कि वेबसाइट बंद होने की समय-सीमा के कारण कई मजदूरों को रजिस्ट्रेशन, नवीनीकरण और कल्याणकारी योजनाओं के आवेदन न आने के कारण काफी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। बोर्ड की वेबसाइट बंद होने के कारण कल्याणकारी योजनाओं के आवेदनों के लिए वित्तीय सहायता मंजूर करने वाली उपमंडल स्तरीय स्क्रीनिंग कमेटियों की कई निर्धारित बैठकें भी नहीं हो पाईं। 
इसके अलावा कल्याणकारी योजनाओं के लिए मंजूर की जाने वाली वित्तीय सहायता भी बंद हो गई है। इस ज्ञापन के माध्यम से एनएलओ ने मुख्यमंत्री-कम-चेयरमैन पंजाब भवन एवं अन्य निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड पंजाब भगवंत सिंह मान से पुरजोर मांग की है कि निर्माण कामगारों की सामाजिक सुरक्षा एवं उज्ज्वल भविष्य के लिए बोर्ड की वेबसाइट तथा पंजाब कीर्ति सहायक एप को तुरंत उचित तरीके से संचालित किया जाए। 
इसके साथ ही वेबसाइट बंद होने के समय के लिए आवश्यक मामलों में उचित रियायत अवधि भी बनाई जाए। इस ज्ञापन के माध्यम से यह भी मांग की गई है कि पंजाब भवन एवं अन्य निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड द्वारा 30 मई, 2023 को हुई बैठक में लिए गए निर्णयों को लागू किया जाए तथा लाभार्थी कार्ड के नवीनीकरण रियायत अवधि के दौरान लाभार्थी की मृत्यु होने पर अनुग्रह अनुदान की वित्तीय सहायता के लिए प्रमुख सचिव श्रम, पंजाब सरकार से मंजूरी प्राप्त करने की शर्त को भी तुरंत वापस लिया जाए। 
इस अवसर पर डॉ. नछत्तर पाल ने आश्वासन दिया कि निर्माण कामगारों की मांगों को प्राथमिकता के आधार पर हल करने के लिए उचित प्रयास किए जाएंगे।