होशियारपुर (दलजीत अजनोहा):- लैमरीन टेक स्किल्स यूनिवर्सिटी (LTSU) पंजाब ने ‘रियात एजुकेशनल एंड रिसर्च ट्रस्ट’ के सहयोग से अपने परिसर में ‘युवा कौशल उत्सव 2026 – सीजन 4.0’ का आयोजन बड़े उत्साह और जोश के साथ किया।

श्री आनंदपुर साहिब के सांसद श्री मालविंदर सिंह कंग इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। विश्वविद्यालय के चांसलर श्री एन.एस. रियात, वाइस चांसलर डॉ. ए.एस. चावला, प्रो-वाइस चांसलर-कम-रजिस्ट्रार प्रो. बी.एस. सत्याल और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया।

मुख्य अतिथि ने दीप प्रज्वलित कर उत्सव का उद्घाटन किया और युवाओं के लिए इतना बड़ा मंच तैयार करने के लिए विश्वविद्यालय प्रबंधन को बधाई दी।

अपने संबोधन में श्री मालविंदर सिंह कंग ने कहा, “भारत की 65 प्रतिशत आबादी युवा है, जो हमारे देश की रीढ़ है। पंजाब का भविष्य उसके युवाओं के हाथों में है और उन्हें ही आगे बढ़ने की दिशा तय करनी है। पंजाब के युवाओं के लिए कौशल विकास के अनेक अवसर हैं और लैमरीन यूनिवर्सिटी इस दिशा में बहुत अच्छा काम कर रही है।”

मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए प्रो-वाइस चांसलर डॉ. बी.एस. सत्याल ने कहा कि विश्वविद्यालय ‘राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) 2020’ के अनुरूप सभी आधुनिक और उभरते क्षेत्रों में शिक्षा प्रदान कर रहा है। यहां लगभग 70 प्रतिशत जोर कौशल-आधारित शिक्षा पर दिया जाता है, ताकि डिग्री पूरी करने के बाद विद्यार्थी रोजगार के लिए पूरी तरह तैयार हो सकें।

‘युवा कौशल उत्सव सीजन 4.0’ एक प्रभावशाली मंच बनकर उभरा, जिसने पूरे क्षेत्र के विद्यार्थियों, शिक्षाविदों, नवाचारकर्ताओं और उत्साही लोगों को एक साथ जोड़ा।

विभिन्न स्कूलों के 525 से अधिक विद्यार्थियों ने दो दर्जन से अधिक प्रतियोगिताओं और गतिविधियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। इनमें टैलेंट हंट, शास्त्रीय और लोक नृत्य, ओपन माइक, ब्रेन सेल, पोस्टर प्रदर्शनी, रस्साकशी, लेथ स्ट्राइफ और इलेक्ट्रो क्राफ्ट शामिल थे। विद्यार्थियों ने अपने व्यावहारिक कौशल, प्रबंधन क्षमता और रचनात्मकता का प्रदर्शन करने के लिए विभिन्न स्टॉल भी लगाए।

सभी विजेताओं को स्मृति चिह्न और प्रमाणपत्र प्रदान किए गए। चांसलर श्री एन.एस. रियात और वाइस चांसलर डॉ. ए.एस. चावला ने पुरस्कार वितरित किए और प्रतिभागियों के नवाचार कौशल, समर्पण तथा रचनात्मकता की सराहना की।

अपने संबोधन में डॉ. ए.एस. चावला ने कहा, “बिना किसी दबाव के भाग लेना सीखने का सबसे अच्छा तरीका है। इससे मंच पर प्रभाव डालने, दर्शकों से जुड़ने और आत्मविश्वास बढ़ाने में मदद मिलती है, और आत्मविश्वास ही सफलता की कुंजी है।” उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी क्षमताओं को पहचानने, बिना किसी डर के नवाचार करने और राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देने के लिए प्रोत्साहित किया।

इस आयोजन में कौशल, प्रौद्योगिकी और नवाचार की ताकत का उत्सव मनाया गया, भविष्य के अवसरों को उजागर किया गया और प्रौद्योगिकी क्षेत्र की अगली पीढ़ी को प्रेरित किया गया।

इस बड़े आयोजन में विभिन्न स्कूलों के लगभग 3,000 विद्यार्थियों ने भाग लिया और बहुमूल्य जानकारी तथा नए अनुभव प्राप्त किए।

इस अवसर पर सीईओ श्री विमल मल्होत्रा, डॉ. एन.एस. गिल, डॉ. एच.पी.एस. धामी, डॉ. आशुतोष शर्मा (सभी कार्यकारी डीन), डॉ. राजिंदर कौर, डॉ. अमित शर्मा, इंजीनियर अमनदीप सिंह, इंजीनियर मंदीप अटवाल, प्रोफेसर नरिंदर भुंबला (पीआरओ) सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी, संकाय सदस्य और विद्यार्थी उपस्थित थे।