चंडीगढ़, 16 अक्टूबर:- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में स्वीडन के ऐतिहासिक दौरे के दौरान राज्य सरकार और स्वीडिश कंपनियों के बीच कुल 4,000 करोड़ रुपये के लेटर ऑफ इंटेंट (एलओआई) पर हस्ताक्षर किए गए। इस महत्वपूर्ण दौरे से हरियाणा और स्वीडन के बीच व्यापार, निवेश, आर्थिक सहयोग और युवाओं के लिए रोजगार के नए रास्ते खुले हैं। इस अवसर पर शहरी स्थानीय निकाय मंत्री विपुल गोयल भी साथ मौजूद रहे।
दौरे के दौरान गुरुग्राम और स्टॉकहोम शहरों के बीच सिटी-टू-सिटी सहयोग समझौता हुआ। दोनों शहर तकनीकी नवाचार, स्मार्ट सिटी समाधान, सतत शहरी विकास, ज्ञान के आदान-प्रदान और निवेश को बढ़ावा देने के क्षेत्रों में मिलकर काम करेंगे। यह सहयोग दोनों शहरों के बीच दीर्घकालिक साझेदारी को मजबूत करेगा।
सशक्त भारत-आत्मनिर्भर भारत के विजन के अनुरूप हरियाणा सरकार ने 3,000 करोड़ रुपये के एक बड़े एलओआई पर हस्ताक्षर किए। इसके अलावा, रिटेल और वेयरहाउसिंग क्षेत्रों में 1,000 करोड़ रुपये के एलओआई पर भी सहमति बनी। इन समझौतों से राज्य में आधुनिक वेयरहाउसिंग बुनियादी ढांचे, रिटेल चेन के विस्तार और लॉजिस्टिक्स क्षेत्र में नए निवेश आने की उम्मीद है।
हरियाणा और स्वीडन के बीच व्यापार बढ़ाने तथा आर्थिक सहयोग को प्रोत्साहित करने के लिए भी एक महत्वपूर्ण समझौता हुआ। स्वीडिश कंपनियों ने हरियाणा के कुशल युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाने का भरोसा दिया है। इससे राज्य के युवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर के कौशल विकास, प्रशिक्षण और रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि यह दौरा हरियाणा को वैश्विक स्तर पर निवेश के मानचित्र पर और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। स्वीडन की उन्नत तकनीक, नवाचार और सतत विकास के मॉडल को हरियाणा की गतिशील अर्थव्यवस्था और युवा शक्ति से जोड़कर राज्य को आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य की ओर तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा।
ये समझौते हरियाणा में रोजगार सृजन, औद्योगिक विकास, निर्यात में वृद्धि और शहरी आधुनिकीकरण को नई गति प्रदान करेंगे। राज्य सरकार इन निवेशों को जल्द से जल्द अमलीजामा पहनाने के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करवाएगी।
