एसएएस नगर, 9 जुलाई 2025 — जासूसी के एक गंभीर मामले में पंजाब पुलिस के राज्य विशेष ऑपरेशन सैल (एसएसओसी) ने पूर्व सैनिक गुरप्रीत सिंह उर्फ़ गुरी उर्फ़ फौजी को गिरफ्तार किया है, जो भारतीय सेना से जुड़ी संवेदनशील और गोपनीय जानकारी पाकिस्तान की इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई) को भेज रहा था।
राज्य विशेष ऑपरेशन सैल, एसएएस नगर की सहायक पुलिस महानिरीक्षक (एआईजी) रवजोत कौर ग्रेवाल, आईपीएस ने बताया कि गुरप्रीत सिंह, निवासी गांव मट्टर उत्तर, थाना ममदोट, जिला फिरोज़पुर, पहले से फिरोज़पुर जेल में बंद था। अप्रैल 2025 में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी), अमृतसर द्वारा 1 किलो हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया गया था।
जेल में रहते हुए उसकी पहचान पाकिस्तान स्थित आईएसआई एजेंटों से हुई। अपनी सैन्य सेवा के अनुभव और पुराने संपर्कों का उपयोग करते हुए उसने सेना की तैनाती, अभियानों की रणनीति और हथियारों से जुड़ी गोपनीय जानकारी एकत्र कर पाकिस्तान भेजी।
प्रोडक्शन वारंट पर उसे एसएसओसी, एसएएस नगर लाया गया, जहाँ पूछताछ के दौरान उसने यह स्वीकार किया कि वह जम्मू-कश्मीर और सिक्किम जैसे संवेदनशील सीमावर्ती क्षेत्रों में तैनात रह चुका है। जेल में रहते हुए भी वह अपने पुराने सैन्य संपर्कों से जानकारी एकत्र करता रहा।
इस संबंध में एफआईआर संख्या 10 दिनांक 04.06.2024 को थाना एसएसओसी, एसएएस नगर में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 152 और 61(2), तथा राजकीय गुप्त बात अधिनियम, 1923 की धारा 3, 4 और 5 के तहत दर्ज की गई है।
जांच जारी है और उसके नेटवर्क, हैंडलरों तथा लीक हुई जानकारी की सीमा का पता लगाने की प्रक्रिया चल रही है। पुलिस ने इस गिरफ़्तारी को भारत में आईएसआई समर्थित जासूसी तंत्र को तोड़ने में बड़ी सफलता बताया है।
पाकिस्तान की आईएसआई को सैन्य गोपनीय जानकारी लीक करने के आरोप में पूर्व सैनिक गिरफ्तार
