अमृतसर: समाज सुधार संस्था अमृतसर के प्रधान रणजीत सिंह भोमा ने जिला प्रशासन से मांग की है कि जैसे 2 अक्टूबर को महात्मा गांधी जयंती और 6 अक्टूबर को वाल्मीकि जयंती पर शराब, मांस और पान की दुकानों को बंद रखने के आदेश जारी किए गए, उसी तरह 7 और 8 अक्टूबर को गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व एवं नगर कीर्तन के दौरान भी यह आदेश लागू किए जाएं।
भोमा ने कहा कि श्री गुरु रामदास जी ने श्री अमृतसर साहिब को अपने कर-कमलों से बसाया और इसे सर्व धर्मों का साझा केंद्र बनाया। उन्होंने कहा कि गुरु नगरी को “पवित्र शहर” का दर्जा देने का वादा आम आदमी पार्टी ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में किया था, जिसे अब लागू किया जाना चाहिए।
भोमा ने मुख्यमंत्री भगवंत मान से अपील की कि जिस तरह हरिद्वार, काशी, मथुरा और वैष्णो देवी जैसे तीर्थ स्थलों को “पवित्र शहर” घोषित किया गया है, उसी प्रकार अमृतसर को भी प्राथमिकता के आधार पर यह दर्जा दिया जाए।
गुरु रामदास जी के प्रकाश पर्व पर शराब, मांस और पान-बीड़ी की दुकानों को बंद करने की मांग – रणजीत सिंह भोमा
