गढ़शंकर - पंजाब के गुरुओं, पीरों और शहीदों के खून से सनी इस पवित्र धरती पर पंजाब सरकार द्वारा गुरु साहिब की नगरी श्री हरमंदिर साहिब, दुर्गियाना मंदिर और महर्षि भगवान बाल्मीक जी की नगरी में "गे प्रेड,गे मेला" करवाया जा रहा है। इस मेले के आयोजकों और प्रशासन को धिक्कार है जिसने 27 तारीख को इस मेले के आयोजन की अनुमति दी।
जल सप्लाई सीवरेज बोर्ड पंजाब की पूर्व डायरेक्टर मैडम सरिता शर्मा ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि जहां पंजाब और देश को बचाने वाले योद्धाओं की बहादुरी को प्रदर्शित करने के लिए मेले होने चाहिए, वहीं पंजाब के बच्चों के लिए खेल प्रतियोगिताएं भी होनी चाहिए। वहां, सरकार गंदी, भ्रष्ट समलैंगिक व्यवस्था को बढ़ावा देने और युवाओं को भ्रष्ट करने के लिए इन मेलों के आयोजन की अनुमति देकर समान भूमिका निभा रही है।
इस सरकार के राज में किस तरह के गंदे काम होने वाले हैं? ऐसा घृणित विचार प्रकाश में आ रहा है। यह हमारी संस्कृति पर सीधा हमला है। हिंदू सिख वीरों को एकजुट होकर इसका विरोध करना चाहिए।
और सरकार को 27 तारीख को होने वाले इस शर्मनाक मेले पर तुरंत रोक लगानी चाहिए। ताकि माहौल खराब न हो सके, क्योंकि इस मेले की खबर से सभी सिख व हिंदू संगठन नाराज हैं।
भगवंत मान की सरकार और हमारे धार्मिक शहर अमृतसर में "गे प्रेड" समलैंगिक मेले को मंजूरी देना बेहद शर्मनाक है: सरिता शर्मा
