संतोखगढ़/ऊना, 17 अगस्त (राजवीर चोपड़ा):- नगर परिषद संतोखगढ़ के वार्ड नंबर 4 और 5 में कुछ मकानों के आगे लगी नेम प्लेटों पर आज भी ‘हरिजन’ शब्द लिखे होने का मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है। सामाजिक कार्यकर्ता सुलिन्दर सिंह चोपड़ा ने जिला प्रशासन से मामले की गहन जांच करवाने तथा संबंधित पुरानी नेम प्लेटों को हटाकर उनकी जगह ‘डॉ. भीमराव अंबेडकर नगर’ लिखी नेम प्लेटें लगाने की मांग दोहराई है।
सुलिन्दर सिंह चोपड़ा के अनुसार उन्होंने वर्ष 2018 में तत्कालीन उपायुक्त ऊना को पत्र भेजकर इस मामले से अवगत करवाया था। उन्होंने मांग की थी कि संतोखगढ़ में मकानों के आगे लगी ‘हरिजन’ शब्द वाली नेम प्लेटों को हटाकर उनकी जगह ‘डॉ. भीमराव अंबेडकर नगर’ लिखा जाए। उस समय यह मामला समाचार पत्रों की सुर्खियों में भी रहा था तथा नगर परिषद संतोखगढ़ में इस संबंध में प्रस्ताव रखे जाने की बात भी सामने आई थी।
चोपड़ा का आरोप है कि करीब आठ वर्ष बीत जाने के बावजूद संबंधित मकानों के आगे से ‘हरिजन’ शब्द वाली नेम प्लेटें नहीं हटाई गई हैं और न ही इस मामले में अपेक्षित प्रशासनिक कार्रवाई हुई है। उन्होंने कहा कि यदि किसी शब्द के प्रयोग को लेकर सरकार की ओर से कोई दिशा-निर्देश या प्रतिबंध लागू है, तो स्थानीय स्तर पर उसकी पालना सुनिश्चित करना प्रशासन और संबंधित नगर निकाय की जिम्मेदारी है।
उन्होंने जिला प्रशासन से मांग की कि वर्ष 2018 में दी गई शिकायत तथा नगर परिषद में रखे गए प्रस्ताव की वर्तमान स्थिति स्पष्ट की जाए। साथ ही पूरे मामले की जांच करवाकर संबंधित नेम प्लेटों को बदलवाने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए।
चोपड़ा ने कहा कि यह मामला केवल नेम प्लेट बदलने तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक सम्मान और गरिमा से जुड़ा हुआ विषय है। उन्होंने प्रशासन से मामले में शीघ्र कार्रवाई करने की मांग की।

वहीं, नगर परिषद संतोखगढ़ की अध्यक्ष अंजना चब्बा ने कहा कि यह मामला उनके ध्यान में नहीं था। मीडिया के माध्यम से उन्हें इसकी जानकारी मिली है। उन्होंने कहा कि मामले को गंभीरता से लेते हुए जल्द ही आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।