नवांशहर (देस राज बाली):- गुरु नानक मिशन सेवा सोसाइटी, नवांशहर की ओर से धन-धन साहिब श्री गुरु नानक देव जी के 557वें प्रकाश पर्व को समर्पित गुरमत समागमों की श्रृंखला का ग्यारहवां समागम उस्मानपुर के स्कूल मैदान में आयोजित किया गया। गुरुद्वारा सिंह सभा और अन्य गुरुद्वारा साहिबान की प्रबंधक कमेटियों ने पूरे क्षेत्र की संगत के सहयोग से यह समागम बड़े उत्साह और श्रद्धा के साथ करवाया।
स्कूल की छात्राओं हरनीत कौर और नवप्रीत कौर ने शबद गायन करके संगत को निहाल किया। इसके बाद सचखंड श्री दरबार साहिब के हजूरी रागी भाई सुरिंदर सिंह और भाई नछत्तर सिंह के जत्थे ने मधुर आवाज में गुरबाणी कीर्तन करके संगत का मन मोह लिया। संगत ने जत्थे द्वारा गाए गए शबदों को साथ-साथ गाकर आध्यात्मिक आनंद प्राप्त किया।
इसके बाद पंथ के प्रसिद्ध कथावाचक और गुरु नानक मिशन सेवा सोसाइटी के मुख्य संरक्षक ज्ञानी सरबजीत सिंह ने गुरमत विचार साझा करते हुए गुरु नानक साहिब के जीवन इतिहास और उनके उपदेशों का विस्तार से वर्णन किया। उन्होंने वर्तमान परिस्थितियों में युवाओं को नशों से दूर रहकर गुरु नानक साहिब द्वारा दिखाए मार्ग पर चलने के लिए प्रेरित किया।
गुरु नानक मिशन सेवा सोसाइटी के मुख्य सेवादार सुरजीत सिंह ने पूरे क्षेत्र की संगत का धन्यवाद किया। उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों से चल रही गुरमत समागमों की श्रृंखला के माध्यम से गुरमत के प्रचार-प्रसार से संगत में जागरूकता बढ़ी है और युवा भी प्रेरित होकर अपनी विरासत से जुड़ रहे हैं। उन्होंने संगत से हर वर्ष की तरह 14, 15 और 16 नवंबर को नवांशहर में होने वाले महान कीर्तन दरबार में बड़ी संख्या में पहुंचने की अपील की।
समागम का मंच संचालन भाई तरलोचन सिंह खटकड़ कलां ने किया। इस अवसर पर कीर्तनी जत्थे और गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के पदाधिकारियों को विशेष रूप से सम्मानित भी किया गया।
समागम में अध्यक्ष हरमिंदर सिंह के अलावा बलविंदर सिंह, दिलबाग सिंह, सरबजीत सिंह, सतनाम सिंह, लखवीर सिंह, सरवन सिंह, हिम्मत सिंह, जोगा सिंह, बलजीत सिंह, कुलविंदर सिंह, जरनैल सिंह, गुरदियाल सिंह, जगदीप सिंह और भाई सेवा सिंह उपस्थित थे। इनके अतिरिक्त जत्थेदार महिंदर सिंह हुसैनपुर, सतनाम सिंह जलवाहा, ऊधम सिंह गोबिंदपुर, दिलबाग सिंह राहों, सुरिंदर सिंह सोइता, महिंदर पाल सिंह जलवाहा, सुखविंदर सिंह गोबिंदपुर, सतबीर सिंह गोनी और नंबरदार स्वर्ण सिंह भी मौजूद रहे। सोसाइटी की ओर से उत्तम सिंह सेठी, दीदार सिंह गहूण, पलविंदर सिंह करियाम, हकीकत सिंह, डॉ. भगवान सिंह, बलदेव सिंह, रमणीक सिंह, जगदीप सिंह, इंदरजीत सिंह बाहड़ा, जगजीत सिंह बाटा, रामपाल राय, बख्शीश सिंह सैनी, बाबा ज्ञान सिंह, गुरपाल सिंह, नवदीप सिंह और जत्थेदार ध्यान सिंह सहित क्षेत्र की बड़ी संख्या में संगत उपस्थित रही।
