अंबाला, 29 अक्टूबर (आर. सिंह):- हरियाणा के ऊर्जा, परिवहन एवं श्रम मंत्री अनिल विज ने आज अंबाला छावनी स्थित पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस में लोगों की शिकायतें सुनीं और मौके पर मौजूद संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश जारी करते हुए कहा कि जनसुनवाई के दौरान मैं जिस भी समस्या के समाधान के लिए कहता हूं, उसका समाधान एक सप्ताह या सात दिनों के भीतर किया जाना चाहिए।

जनसुनवाई के दौरान एक व्यक्ति ने जग्गी सिटी सेंटर में अवैध बिजली कनेक्शन को लेकर शिकायत की। उसने आरोप लगाया कि यह जमीन नगर निगम की है और वहां अवैध बिजली कनेक्शन लगाया गया है। शिकायतकर्ता ने बताया कि जग्गी सिटी सेंटर में बिजली कनेक्शन चार किलोमीटर दूर मॉडल टाउन की फ्रेंड्स कॉलोनी स्थित एक मकान के नाम पर लिया गया था। उसने बताया कि वह वर्ष 1960 की जमाबंदी और वर्ष 1963 के नक्शे की एक प्रति लेकर आया है, जिसमें दर्शाया गया है कि यह जमीन पहले पंचायत की थी और बाद में नगर निगम की संपत्ति हो गई। उसने यह भी कहा कि जग्गी सिटी सेंटर के संबंध में लोकायुक्त अदालत में एक मामला चल रहा है। इसके अलावा उसने आरोप लगाया कि नगर निगम ने धोखाधड़ी से एनडीसी जारी किया है। इस प्रकार जमीन सरकारी होने के कारण सरकारी जमीन पर लगाया गया बिजली कनेक्शन संदेहास्पद है।

शिकायत सुनने के बाद विज ने कहा कि सभी दस्तावेज एक लिखित आवेदन के साथ जमा करवाए जाएं, जिसके बाद वह कार्रवाई करेंगे। विज ने कहा, "मेरा नाम अनिल विज है और इस मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, चाहे वह कितना भी ऊंचे पद पर क्यों न हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।" आवेदन और अन्य दस्तावेज मिलने पर विज ने तुरंत उपायुक्त को मामले की गहन जांच के लिए एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए।

जनसुनवाई के दौरान एक अन्य व्यक्ति ने अंबाला नगर निगम आयुक्त के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई। उसने आरोप लगाया कि राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (एनडीआरएफ) के नाम पर पैसा बनाया जा रहा है और अंबाला में भ्रष्टाचार ने दीमक की तरह नहीं, बल्कि कोरोना वायरस की तरह जड़ें जमा ली हैं। उसने मांग की कि नगर निगम आयुक्त को जनसंपर्क से हटाया जाए। शिकायत का संज्ञान लेते हुए विज ने मुख्य सचिव को मामले की जांच के लिए एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए।

इसी प्रकार फतेहाबाद जिले के टोहाना के गांव समैण के एक व्यक्ति ने शिकायत की कि पिछले 12 महीनों से उसका बिजली मीटर नहीं लगाया गया है। इस पर विज ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अधीक्षण अभियंता को फटकार लगाई और पूछा कि जब उपभोक्ता ने एस्टीमेट जमा करवा दिया था तो उसे पिछले 12 महीनों से बिजली कनेक्शन क्यों नहीं दिया गया। उन्होंने फिर दोहराया, "मेरा नाम अनिल विज है और यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जब तक बिजली विभाग मेरे पास है, कानून के अनुसार काम करें।" उन्होंने तुरंत फतेहाबाद के अधीक्षण अभियंता को निर्देश देते हुए कहा, "यदि आप अपना काम नहीं कर सकते तो मैं आपके पद पर किसी दूसरे व्यक्ति को नियुक्त कर दूंगा।" उन्होंने कहा, "मुझे सात दिनों के भीतर कार्रवाई करके बताएं, अन्यथा मैं आपके खिलाफ कार्रवाई करूंगा।"

इसी तरह कलेरहेड़ी से पंजोखरा साहिब और टोपखाना से पंजोखरा साहिब तक स्ट्रीट लाइटें बंद होने का मुद्दा भी विज के ध्यान में लाया गया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को ईएसआई में कार्यरत एएनएम का वेतन एक सप्ताह के भीतर जारी करने के निर्देश दिए। एक अन्य मामले में उन्होंने संबंधित अधिकारियों को अगले सप्ताह के भीतर रोडवेज कर्मचारी के मेडिकल बिलों का भुगतान करने के निर्देश दिए। उन्होंने एसडीएम को मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए पहुंची एक महिला की समस्या का समाधान करने के भी निर्देश दिए।

नगर परिषद के अधिकारियों के प्रति नाराजगी जताते हुए विज ने कहा, "मुझे पता है कि नगर परिषद में क्या होता है।" वार्ड नंबर 15 के एक शिकायतकर्ता ने बताया कि उसकी पांच साल पुरानी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इस पर विज ने टिप्पणी की, "मैं ऐसे दोषी कर्मचारी को नहीं बख्शूंगा," और संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

बिजली बिलों से संबंधित शिकायतों पर नाराजगी जताते हुए विज ने बिजली विभाग के अधिकारियों को फटकार लगाई और कहा कि वे एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई करके शिकायतकर्ताओं को सूचित करें, ताकि उन्हें अगली जनसुनवाई में दोबारा पेश न होना पड़े। उन्होंने एसपी को विभिन्न मामलों में पुलिस जांच में तेजी लाने और आरोपियों के बारे में जानकारी साझा करने के निर्देश भी दिए। इसके अलावा विज ने विभिन्न शिकायतों के संबंध में संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। इस अवसर पर एसडीएम अंबाला छावनी कनिका गोयल और अन्य अधिकारी मौजूद थे।